उत्तराखंड में ठंड बेशक बढ़ रही है, पर नए साल के स्वागत के लिए नैनीताल पर्यटकों से भरा हुआ है. वर्षा और बर्फबारी के आसार फिलहाल नहीं हैं और खुशनुमा माहौल के चलते कोविड का डर कहीं गुम हो गया है. शहर के होटल्स और रिजॉर्ट्स लगभग पैक हैं और रिजर्वेशन्स के कैंसिल होने की कोई खबर नहीं है.
(तस्वीरें और रिपोर्ट : लीला सिंह बिष्ट)
रस्मी तौर पर प्रशासन द्वारा कोविड की संभावना को देखते हुए एस ओ पी और गाइड लाइंस जारी कर दी गईं हैं, पर छुटियों और उत्साह से लबरेज पर्यटकों की भीड़ इससे पूरी तरह बेपरवाह है. स्थानीय निवासियों द्वारा भी मास्क्स को अब तक नहीं निकाल गया है. शहर के खुशनुमा माहौल में मास्क पहने चेहरों को ढूंढना फिलहाल आसान नहीं है.
नव वर्ष के स्वागत के लिए नैनीताल में तैयारियां जोरों पर है. होटल व्यवसायियों ने पर्यटकों को लुभाने के लिए विशेष पैकेज जारी किए हैं. नैनीताल की माल रोड को होटल एसोसिएशन ने बहुत खूबसूरत ढंग से बिजली की मालाओं से सजा रखा है.
पूरी माल रोड में म्यूजिक एवं संगीत की व्यवस्था करी गई है, ताकि नैनीताल आने वाले पर्यटक नाच गा कर नववर्ष का स्वागत कर सकें. शाम के वक्त माल रोड में कई जगह अलाव जलाने की व्यवस्था भी करी गई है, ताकि पर्यटक ठंड से अपने आप को बचा सके.
इस बार लोगों में पर्यटन को लेकर इस वजह से भी ज्यादा उत्साह है, क्योंकि पिछले 2 वर्ष कोविड की वजह से बहुत ज्यादा पर्यटक यहां नहीं आ पाए थे. उससे पहले के 2 वर्षों में भी होटल एसोसिएशन की तरफ से कोई विशेष तैयारी नहीं की गई थी. तो इस बार 4 साल बाद नैनीताल अपनी पुरानी रंगत में लौटा है.
इस बार उम्मीद है कि रिकॉर्ड तोड़ पर्यटक यहां थर्टी फर्स्ट के दिन आएंगे. यहां यह भी बताना महत्वपूर्ण है कि नैनीताल में सबसे ज्यादा भीड़ का दिन थर्टी फर्स्ट का होता है. जून के सीजन से भी ज्यादा भीड़ इन दिनों में रहती है और इस बार लोगों में पर्यटन को लेकर के बहुत ज्यादा उत्साह और बहुत ज्यादा तैयारियां भी नैनीताल में हैं.
इस बीच में देश में कोरोना के बढ़ते हुए मामलों को लेकर के यहां थोड़ी बहुत चिंता भी है, लेकिन फिलहाल होटलों की एडवांस बुकिंग में या नैनीताल में जो भीड़ उमड़ रही है. उस पर उसका कोई भी प्रभाव देखने में नहीं आ रहा है. पर्यटकों की भीड़ में मास्क पहने लोगों को ढूंढना बहुत मुश्किल है.
इस बीच में देश में कोरोना के बढ़ते हुए मामलों को लेकर के यहां थोड़ी बहुत चिंता भी है, लेकिन फिलहाल होटलों की एडवांस बुकिंग में या नैनीताल में जो भीड़ उमड़ रही है. उस पर उसका कोई भी प्रभाव देखने में नहीं आ रहा है. पर्यटकों की भीड़ में मास्क पहने लोगों को ढूंढना बहुत मुश्किल है.
उससे पहले 2 वर्ष भी होटल व्यवसायियों की ओर से माल रोड में उस तरह की सजावट नहीं की गई थी, जिस तरह कि इस बार की गई है. इस बार कोरोना के थोड़े बहुत खतरे या चेतावनी के बीच में भी यहां पर्यटन व्यवसाय बहुत ज्यादा बेहतर रहने की उम्मीद है.
(तस्वीरें और रिपोर्ट : लीला सिंह बिष्ट)