Floriculture Mission
Floriculture Mission
असम मंत्रिमंडल ने सोमवार को 150 करोड़ रुपये के शुरुआती निवेश के साथ 20,000 किसानों को कवर करने वाले राज्य फ्लोरिकल्चर मिशन को मंजूरी दी है. राज्य सरकार 16 मार्च को 2023-24 के लिए राज्य का बजट पेश करेगी.
क्या है फ्लोरिकल्चर मिशन
यह बागवानी की एक शाखा है जो सुंदर पौधों की खेती, प्रसंस्करण और विपणन के साथ-साथ छोटे या बड़े क्षेत्रों के भू-निर्माण तथा बगीचों के रखरखाव से संबंधित है ताकि आसपास का वातावरण सौंदर्यपूर्ण और सुखद दिखाई दे. इस महत्वाकांक्षी मिशन का मुख्य मकसद काश्तकारों को लाभ पहुंचाना और फ्लोरीकल्चर के व्यवसाय को विश्वस्तर पर और बढ़ाना है. अभियान के तहत मधुमक्खी पालन के लिए वाणिज्यिक फूलों की खेती, सालभर होने वाले फूलों की खेती, जंगली फूलों की फसलों पर ध्यान दिया जाएगा.इसमें शहरी क्षेत्रों में मिशन के तहत बड़े स्तर पर वर्टिकल गार्डन, छतों पर फ्लोरीकल्चर व हाइड्रोपोनिक्स को बढ़ावा दिया जाएगा.
फ्लोरीकल्चर मिशन किसने लॉन्च किया?
2021 में कृषि आय में सुधार के लिए केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने नई दिल्ली में सीएसआईआर-फ्लोरीकल्चर मिशन का शुभारंभ किया था और सभी सीएसआईआर प्रयोगशालाओं के वैज्ञानिकों से इस मिशन के तहत मॉडल विकसित करने का आग्रह किया था.
कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण के अनुसार, भारत ने 2021-22 में 771.41 करोड़ रुपये के 23,597.17 मैट्रिक टन फूलों की खेती के उत्पादों का निर्यात किया.