मुख्तार अंसारी की हिस्ट्रीशीट

मुख्तार अंसारी के खिलाफ देशभर में 61 मामले दर्ज हैं, जिनमें 24 मामले कोर्ट में विचाराधीन हैं. 

आपको जानकर हैरानी होगी कि मुख्तार यूपी के प्रतिष्ठित राजनीतिक परिवार से संबंध रखता है लेकिन उसने राजनीति के साथ-साथ अपराध का दामन थाम अपनी अलग राह चुनी.

आइए जानते हैं कि मुख्तार अंसारी की क्या है क्राइम डायरी.

1996 में पहली बार चुनाव जीतकर वह विधानसभा पहुंचा और फिर 2002, 2007, 2012, 2017 में भी उसने जीत दर्ज की. 5 से 3 चुनाव तो उसने जेल में रहकर ही जीते.

यूपी में मुख्तार 52 केसों में नामजद है. उसपर पहला मुकदमा 1988 में दर्ज हुआ था. यही वो साल था जहां से उसने गुनाहों की दुनिया में कदम बढ़ाना शुरू कर दिया.

साल था 2005 जब भाजपा विधायक कृष्णानंद राय की गाड़ी पर  AK-47 से 400 राउंड गोलियां बरसाई गई. इस घटना में विधायक समेत 7 लोग मारे गए.

विधायक कृष्णानंद की हत्या में मुख्तार का नाम आया और गिरफ्तारी भी हुई लेकिन गवाह मुकर गए और कोर्ट ने साक्ष्य के अभाव में उसे बरी कर दिया.

दहशत ऐसा कि गवाह कोर्ट में टिक नहीं पाते थे लेकिन सितंबर 2022 में कोर्ट ने जेलर एसके अवस्थी को धमकी देने के मामले में मुख्तार को पहली बार 7 साल की सजा सुनाई.

 

मऊ में दंगा भड़काने के मामले में मुख्तार ने पुलिस के सामने सरेंडर किया और इस बात को 17 साल हो गए. तब से वह जेल में बंद है.