चीनी और गुड़ दोनों ही गन्ने से बनते हैं, फिर भी इनके पोषण, प्रोसेसिंग और सेहत पर असर में बड़ा फर्क है.
ऐसे में सवाल उठता है कि दोनों में से सेहत के लिए क्या ज्यादा बेहतर है? तो आइए जानते हैं.
सफेद चीनी या रिफाइंड शुगर गन्ने के रस को शुद्ध करके बनाई जाती है.
इस प्रक्रिया में शीरा (मोलासेस) निकाल दिया जाता है, जिसमें मौजूद खनिज और पोषक तत्व हट जाते हैं.
चीनी के मुकाबले गुड़ कम प्रोसेस्ड होता है और इसमें आयरन, कैल्शियम, पोटैशियम और मैग्नीशियम जैसे खनिजों की थोड़ी मात्रा बनी रहती है.
गुड़ भी आखिरकार शुगर ही है. अधिक मात्रा में लेने पर वजन बढ़ सकता है और डायबिटीज के मरीजों के लिए यह भी नुकसानदेह हो सकता है.
लेकिन सीमित रूप में गुड़ में मौजूद खनिज और अपेक्षाकृत कम ग्लाइसेमिक असर इसे सफेद चीनी से थोड़ा बेहतर बनाते हैं.
अगर आप सेहतमंद रहना चाहते हैं, तो जहां संभव हो सफेद चीनी की जगह गुड़ का इस्तेमाल करें, लेकिन मात्रा पर नियंत्रण रखें.