निर्मला सीतारमण ने संसद में 2026-27 का बजट पेश कर दिया है. इस बजट का मकसद देश के आर्थिक स्थिति को विश्व स्तर पर मजबूत करना है. इस साल का बजट नपा तुला दिखा. जिस बड़े बदलाव की उम्मीद थी, उनमें से बहुत कम देखने को मिले. जानें क्या-क्या हुए एलान.
1. सेमीकंडक्टर मिशन को 40,000 करोड़ रुपए
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यूनियन बजट 2026-27 के तहत इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन 2.0 लॉन्च करने की घोषणा की. इसका उद्देश्य देश में सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम को मजबूत करना है. इस मिशन के लिए 40,000 करोड़ रुपयों का बजट पेश किया है. केंद्र ओडिशा, केरल, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु जैसे खनिज-समृद्ध राज्यों को समर्थन मिलेगा.
2.आर्थिक विकास को तेज करने के लिए छह फोकस एरिया
वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार छह प्रमुख क्षेत्रों के जरिए आर्थिक विकास को गति देने पर काम करेगी.
3. रोजगार को लेकर सरकार के अहम कदम
निर्मला सीतारमण ने कहा कि सरकार ने रोजगार पैदा करने, उत्पादकता बढ़ाने और आर्थिक विकास को तेज करने के लिए व्यापक सुधार किया गया है. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 2025 की स्वतंत्रता दिवस घोषणा के बाद, 350 से ज्यादा सुधार लागू किए जा चुके हैं.
4. खनिज-समृद्ध राज्यों को मिलेगा विशेष समर्थन
वित्त मंत्री ने बताया कि 2025 में रेयर अर्थ परमानेंट मैग्नेट की योजना शुरू की गई थी. जिसके बाद अब सरकार ओडिशा, केरल, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु में रेयर अर्थ कॉरिडोर स्थापित करने पर काम करेगी.
5. देश में 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर का प्रस्ताव
बजट भाषण में सात हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर विकसित करने की बात कही गई.
जिसमें मुंबई - पुणे
पुणे - हैदराबाद
हैदराबाद - बेंगलुरु
बेंगलुरु - चेन्नई
6. मेगा टेक्सटाइल पार्क और ग्राम स्वराज की पहल
मेगा टेक्सटाइल पार्क बनाने का प्रस्ताव रखा गया. इस बजट में महात्मा गांधी ग्राम स्वराज पहल की घोषणा की गई है.
इसका मकसद खादी और हथकरघा को बढ़ावा
ग्रामीण कारीगरों का समर्थन
पारंपरिक शिल्प को मजबूती देना होगा
7. ICAI और ICSI को मिलेगा सरकारी समर्थन
वित्त मंत्री ने बताया कि ICAI और ICSI जैसे प्रोफेशनल संस्थानों को शॉर्ट-टर्म मॉड्यूलर कोर्स डिजाइन करने के लिए सहायता दी जाएगी.
8. MSME के लिए 10,000 करोड़ रुपयों का ग्रोथ फंड
सरकार ने 10,000 करोड़ रुपयों का MSME ग्रोथ फंड बनाने का प्रस्ताव रखा है. इसका मकसद भविष्य के बड़े MSME चैंपियन तैयार करना है.
9. ईस्ट-वेस्ट डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर
वित्त मंत्री ने पूर्व में पश्चिम बंगाल से सूरत (गुजरात) तक नया डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर बनाने की घोषणा की है.
10. नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हॉस्पिटैलिटी का प्रस्ताव
सरकार ने नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हॉस्पिटैलिटी स्थापित करने का प्रस्ताव रखा है.
11. पब्लिक कैपेक्स को 12.2 लाख करोड़ रुपए
वित्त मंत्री ने बताया कि 2026-27 में पब्लिक कैपिटल एक्सपेंडिचर 12.2 लाख करोड़ रुपए तक बढ़ाया जाएगा.
12. टियर-2 और टियर-3 शहरों पर इंफ्रास्ट्रक्चर फोकस
5 लाख से ज्यादा आबादी वाले टियर-2 और टियर-3 शहरों में इंफ्रास्ट्रक्चर विकास जारी रखेगी.
15. PROI निवेश सीमा दोगुनी करने का प्रस्ताव
भारत से बाहर रहने वाले भारतीय (PROI) भारतीय लिस्टेड कंपनियों में निवेश कर सकेंगे. निवेश सीमा 5% से बढ़ाकर 10% करने का प्रस्ताव रखा गया है.
13. अगले 10 वर्षों में खेल क्षेत्र को बदलने के लिए खेलो इंडिया मिशन शुरू होगा.
14. सरकार आंध्र प्रदेश, सिक्किम, मिजोरम, त्रिपुरा में बौद्ध सर्किट को विकसित करेगी
15.नॉर्थ इंडिया में NIMHANS II का प्रस्ताव
16. आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में पुलिकट झील के किनारे बर्ड वॉचिंग ट्रेल विकसित करने का प्रस्ताव रखा गया.
17. संशोधित आयकर रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तारीख बढ़ी
संशोधित आयकर रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तारीख 31 दिसंबर से बढ़ाकर 31 मार्च करने का प्रस्ताव रखा है.
18. राज्यों को मिलेगा 41% फंड शेयर, 14 लाख करोड़ रुपया आवंटन
राज्यों को फंड ट्रांसफर में 41% हिस्सा मिलता रहेगा. यह फैसला 16वें वित्त आयोग की सिफारिशों के अनुसार है. वित्त वर्ष 2026-27 के लिए राज्यों को कुल 14 लाख करोड़ रुपए का आवंटन किया गया, जिससे विकास और कल्याण योजनाओं को मजबूती मिलेगी.
19. वित्तीय घाटा GDP का 4.4% रहने का अनुमान
वित्त मंत्री ने बताया, वित्त वर्ष 2026-27 में वित्तीय घाटा GDP का 4.4% रहने का अनुमान. वित्त वर्ष 2027 में यह 4.3% रहने की संभावना है
20. महिला उद्यमियों के लिए SHE स्टोर्स की घोषणा
SHE (सेल्फ-हेल्प एंटरप्रेन्योर) स्टोर्स शुरू करने की घोषणा की है. इन स्टोर्स का उद्देश्य महिला उद्यमियों को बाजार उपलब्ध कराना, उनके उत्पादों को बेचने का मंच देना, महिलाओं के कारोबार को आगे बढ़ाना होगा.
21. टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं हुआ.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने साफ किया की इस बजट में टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा.
22. दवाइयों के दाम घटे
दवाइयों के इंपोर्ट ड्यूटी रेट को 20% से घटा कर 10% कर दिया है. इससे इलाज में खर्च होने वाली दवाइयों के कीमत में इजाफा मिलेगा.
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