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धर्म

क्यों सरस्वती पूजा पर छात्र-छात्राएं को जरूर करने चाहिए ये काम?

22 जनवरी 2026

Basant Panchami 2026: इस साल बसंत पंचमी 23 जनवरी को है. इस दिन विद्या, ज्ञान, संगीत और कला की देवी मां सरस्वती की आराधना की जाती है. सरस्वती पूजा के दिन छात्र-छात्राएं कुछ जरूरी काम कर लें तो मां शारदे की कृपा सालों भर उनपर बनी रहती है. विद्यार्थियों का पढ़ाई में खूब मन लगता है. करियर में सफलता मिलती है.

महादेव के भक्तों को डिजिटल गिफ्ट! काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास ने लॉन्च किया AI चैटबॉट, मिलेगी हर एक जानकारी

22 जनवरी 2026

काशी विश्वनाथ मंदिर के बारे में जानकारी हासिल करना आसान होगा. श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास (SKVT) ने एक आधुनिक AI-संचालित चैटबॉट लॉन्च किया है. इस चैटबॉट का मकसद भक्तों और मंदिर प्रशासन के बीच की दूरी को कम करना है. विशेष रूप से त्योहारों और भीड़ के समय यह तकनीक भक्तों को सही और समय पर जानकारी देना है.

Basant Panchami 2026 Wishes: बसंत पंचमी पर अपने करीबियों को दें ये अनोखी शुभकामनाएं...

22 जनवरी 2026

Basant Panchami 2026 Wishes: बसंत पंचमी का पर्व साल 2026 में 23 जनवरी शुक्रवार को मनाया जाएगा. ऐसे में अगर आप अपने परिवार, दोस्तों, रिश्तेदारों और करीबियों को बसंत पंचमी की शुभकामनाएं देना चाहते हैं तो यहां से मैसेज भेज सकते हैं.

माघ मेले में भक्ति का अनोखा रंग, इको-फ्रेंडली तरीके से हुई पूजा, फूलों से हुआ हवन

22 जनवरी 2026

राम अर्चन पूजा की खासियत राम अर्चन पूजा भगवान राम की विशेष पूजा है, जिसमें केवल फूलों का ही इस्तेमाल होता है. न कोई अगरबत्ती, न हवन सामग्री. यहां तक कि हवन भी सिर्फ गुलाब के फूलों से किया गया.

इस बार घर पर बनाएं मां सरस्वती का फेवरेट 'मीठी भात', बरसेगी कृपा... नोट कर लें रेसिपी

22 जनवरी 2026

Meethi Bhaat Recipe in Hindi: मान्यता है कि मां सरस्वती को पीला रंग अत्यंत प्रिय है. उन्हें प्रसन्न करने के लिए केसरिया भात का भोग लगाया जाता है. यह पकवान समृद्धि और खुशहाली का आशीर्वाद माना जाता है.

पवनपुत्र बनाएंगे आपके बिगड़े काम, धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के साथ देखिए अच्छी बात

22 जनवरी 2026

बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने हनुमान जी की महिमा और उनकी आठ सिद्धियों का विस्तार से वर्णन किया है. उन्होंने कहा, 'हनुमान जी के पास गरिमा, लघिमा, प्राप्ति, प्रकाम्य, ईशत्व और वशित्व जैसी दिव्य शक्तियां हैं, जिनसे उन्होंने रावण की अमर सेना को परास्त किया.' शास्त्री जी ने रोचक अंदाज में बताया कि कैसे हनुमान जी ने अपनी पूंछ से रावण की सेना को बांधकर गुरुत्वाकर्षण सीमा से बाहर भेज दिया था. उन्होंने समझाया कि लघिमा सिद्धि से हनुमान जी ने अशोक वाटिका में अपना वजन हल्का किया और प्राप्ति सिद्धि से पक्षियों की भाषा समझी. प्रकाम्य सिद्धि के कारण वे हर युग में विद्यमान हैं. अंत में उन्होंने बताया कि वशित्व सिद्धि के जरिए हनुमान जी ने स्वयं भगवान राम को अपने वश में कर रखा है.

बसंत पंचमी पर पीला रंग क्यों पहनते हैं लोग? जानिए सरस्वती पूजा, ज्ञान और वसंत ऋतु से इसका गहरा संबंध

21 जनवरी 2026

साल 2026 में बसंत पंचमी माघ मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि, यानी 23 जनवरी 2026 को मनाई जाएगी. इस दिन देशभर में सरस्वती पूजा का आयोजन किया जाता है और विद्यार्थी, शिक्षक व कला से जुड़े लोग विशेष रूप से मां सरस्वती का आशीर्वाद लेते हैं. 

23 या 24 जनवरी कब है बसंत पंचमी? जान लें सही तारीख, शुभ मुहूर्त, मंत्र और पूजा की विधि

21 जनवरी 2026

Basant Panchami 2026 Date: इस साल बसंत पंचमी की तिथि को लेकर बहुत से लोग असमंजस हैं. कोई 23 जनवरी तो कोई 24 जनवरी को बसंत पंचमी बता रहा है. तो चलिए आपको बताते हैं  23 या 24 जनवरी कब है बसंत पंचमी.

कहीं पीले कपड़े पहनती हैं महिलाएं तो कहीं होती है पतंगबाजी, जानिए देश के अलग-अलग राज्यों में कैसे मनाई जाती है बसंत पंचमी

21 जनवरी 2026

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, बसंत पंचमी के 40 दिन बाद होली का त्योहार मनाया जाता है. इसी वजह से इसे होली पर्व की शुरुआत भी माना जाता है. साथ ही, किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत के लिए बसंत पंचमी को बेहद शुभ दिन माना गया है.

किन्नर अखाड़े ने महामंडलेश्वर को क्यों अनाज और सिक्कों से तोला? इस अनोखी परंपरा को जानिए

20 जनवरी 2026

माघ मेले में किन्नर अखाड़े ने तुला दान की परंपरा निभाई. आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कौशल्या नंद गिरी को उनके वजन के बराबर अनाज और सिक्कों से तोला गया. इस परंपरा का उद्देश्य आत्मशुद्धि, पापों का नाश और आध्यात्मिक उन्नति है.

बसंत पंचमी के दिन पढ़ाई करना सही या गलत? जान लें क्या कहते हैं पंडित जी

20 जनवरी 2026

Basant Panchami 2026: कई लोग मां सरस्वती की पूजा करते समय उनके सामने अपनी पेन और कॉपी-किताब रखते हैं और उसकी भी पूजा करते हैं.  वहीं कई लोग तो  मां सरस्वती की पूजा करने के बाद बसंत पंचमी के दिन पढ़ाई नहीं करते और न ही पेन और कॉपी-किताब छूते हैं. लेकिन क्या आपको पता है कि ऐसा करना सही है या गलत? अगर नहीं तो चलिए हम आपको बताते हैं.