आज के समय में अचानक पैसों की जरूरत पड़ने पर पर्सनल लोन एक आसान विकल्प माना जाता है. मेडिकल इमरजेंसी, शादी का खर्च, घर की मरम्मत या किसी दूसरे जरूरी काम के लिए लोग पर्सनल लोन लेते हैं. लेकिन लोन लेने से पहले यह जानना बहुत जरूरी है कि हर महीने कितनी EMI देनी होगी और पूरे लोन के दौरान कितना ब्याज चुकाना पड़ेगा. बिना हिसाब समझे लिया गया लोन बाद में आपके महीने के बजट पर भारी पड़ सकता है.
पर्सनल लोन की EMI मुख्य रूप से तीन चीजों पर निर्भर करती है. इसमें लोन की रकम, ब्याज दर और लोन चुकाने की अवधि शामिल होती है. आम तौर पर पर्सनल लोन की ब्याज दर बैंक और ग्राहक की प्रोफाइल के हिसाब से अलग हो सकती है. आपका क्रेडिट स्कोर, कमाई और बैंक के नियम ब्याज दर तय करने में अहम भूमिका निभाते हैं.
EMI का सही हिसाब लगाने के लिए आप इस EMI कैलकुलेटर की मदद ले सकते हैं.
मान लीजिए आप 5 लाख रुपये का पर्सनल लोन 2 साल यानी 24 महीने के लिए 10% सालाना ब्याज पर लेते हैं. इस स्थिति में आपकी हर महीने की EMI करीब 23,072 रुपये होगी. 24 महीनों में आपको बैंक को कुल करीब 5.54 लाख रुपये चुकाने होंगे. यानी करीब 54 हजार रुपये ब्याज के रूप में जाएंगे.
अगर ब्याज दर बढ़कर 12% हो जाती है, तो आपकी मासिक EMI करीब 23,536 रुपये हो जाएगी. 2 साल में कुल भुगतान लगभग 5.65 लाख रुपये होगा. इसमें करीब 65 हजार रुपये ब्याज शामिल होगा.
अगर बैंक 15% सालाना ब्याज पर 5 लाख रुपये का लोन देता है, तो हर महीने करीब 24,242 रुपये की EMI देनी होगी. 24 महीने में कुल भुगतान लगभग 5.82 लाख रुपये हो जाएगा. यानी करीब 82 हजार रुपये ब्याज देना पड़ेगा.
अगर ब्याज दर 18% है, तो 5 लाख रुपये के लोन की मासिक EMI करीब 24,955 रुपये बैठेगी. 2 साल में कुल भुगतान लगभग 5.99 लाख रुपये तक पहुंच सकता है. इसमें करीब 99 हजार रुपये ब्याज के तौर पर चुकाने होंगे.
पर्सनल लोन लेते समय जल्दबाजी में पहला ऑफर स्वीकार न करें. अलग-अलग बैंकों की ब्याज दर और शर्तों की तुलना करें. कोशिश करें कि कम से कम 3 से 4 बैंकों के ऑफर जरूर देखें. सिर्फ ब्याज दर ही नहीं, बल्कि प्रोसेसिंग फीस, दूसरी फीस और समय से पहले लोन चुकाने के नियम भी ध्यान से पढ़ें. इससे आप कम खर्च वाला बेहतर लोन चुन सकते हैं.