तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव को लेकर ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ कषगम (AIADMK) ने अपना मेनिफेस्टो जारी कर दिया है. एआईएडीएमके ने इस बार सरकार बनने पर फ्री में फ्रिज देने का ऐलान किया है. इसके साथ ही पार्टी ने पुरुषों को फ्री बस यात्रा की सुविधा देने का वादा किया है. तमिलनाडु की सियासत में फ्री गिफ्ट हमेशा से अहम किरदार निभाता रहा है. सूबे में फ्रीबीज का दांव सियासी दलों को सत्ता दिलाता रहा है. तमिलनाडु की दिग्गज लीडर रहीं जयललिता से लेकर करुणानिधि तक फ्रीबीज के दम पर चुनावों में जीत हासिल करते रहे हैं. किसी ने टीवी फ्री देकर तो किसी ने मोबाइल फ्री देकर सीएम की कुर्सी हासिल की है.
साल 2006 में फ्री कलर टीवी वाला दांव-
साल 2006 में एआईएडीएमके और डीएमके के बीच मुकाबला था. इस चुनाव से पहले सूबे में एआईएडीएमके की सरकार थी. अब मुकाबला सत्ता हथियाने का था. करुणानिधि और जयललिता के बीच मुकाबला था. करुणानिधि की पार्टी डीएमके ने इस चुनाव में फ्री कलर टीवी देने का वादा किया था. इस वादे ने डीएमके को सत्ता दिलाई और करुणानिधि मुख्यमंत्री बने.
साल 2011 में फ्री लैपटॉप का कमाल-
साल 2011 विधानसभा चुनाव के वक्त एआईएडीएमके ने अपने घोषणा पत्र छात्रों को फ्री लैपटॉप देने का वादा किया था. इसके साथ ही मिक्सर, ग्राइंडर पंखा देने का वादा किया था. इस चुनाव में एआईएडीएमके ने डीएमके को मात दी थी और जीत हासिल की थी और जयललिता मुख्यमंत्री बनी थीं.
2016 में फ्री मोबाइल का वादा-
साल 2016 में जयललिता और करुणानिधि के मुकाबला था. जयललिता की पार्टी एआईएडीएमके ने अपने घोषणा पत्र में राशन कार्ड धारकों को मुफ्त मोबाइल फोन देने का वादा किया. इसके साथ ही 500-500 रुपए के फ्री गिफ्ट कूपन देने का भी वादा किया था. पार्टी ने फ्री इंटरनेट देने का भी दांव खेला था. इतना ही नहीं, पार्टी ने 100 यूनिट मुफ्त बिजली देने का भी वादा किया था. इसका फायदा भी पार्टी को हुआ. एआईएडीएमके ने 234 विधानसभा सीटों में से 134 सीटों पर जीत दर्ज कर बहुमत हासिल किया था. जयललिता एक बार फिर मुख्यमंत्री की कुर्सी पर विराजमान हुई थीं.
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