वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज अपना लगातार नौवां केंद्रीय बजट पेश किया. बजट में हेल्थ सेक्टर में बड़ा ऐलान किया गया है. कंज्यूमर हित को ध्यान में रखते हुए 17 कैंसर दवाओं और 7 दुर्लभ बीमारियों की दवाओं पर कस्टम ड्यूटी हटाने का ऐलान किया गया है.
दवाएं सस्ती मिलेंगी और इलाज का खर्च घटेगा
संसद में बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि इस फैसले से कैंसर की कई दवाओं की कीमत सीधे कम होगी. आमतौर पर आयातित ऑन्कोलॉजी दवाओं पर कस्टम ड्यूटी लगने से उनकी रिटेल कीमत काफी बढ़ जाती है. अब यह टैक्स हटने के बाद उम्मीद है कि कंपनियां इसका फायदा मरीजों तक पहुंचाएंगी, जिससे इलाज का खर्च घटेगा.
7 दुर्लभ बीमारियों को भी मिला फायदा
सरकार ने सात और रेयर डिजीज को भी कस्टम ड्यूटी छूट के दायरे में लाने का ऐलान किया है. इन बीमारियों के इलाज के लिए पर्सनल इम्पोर्ट किए जाने वाले ड्रग्स, दवाएं और विशेष मेडिकल फूड पर अब इम्पोर्ट ड्यूटी नहीं लगेगी. यह कदम उन मरीजों के लिए खास राहत है, जिन्हें ऐसी थेरेपी की जरूरत होती है जो भारत में उपलब्ध नहीं होती.
इलाज की ऊंची लागत रही बड़ी चुनौती
भारत में कैंसर का इलाज लंबे समय से महंगा रहा है और इसमें आयातित दवाओं का बड़ा हिस्सा होता है. हेल्थ एक्सपर्ट्स के मुताबिक, दवाओं की कीमत में थोड़ी भी कमी परिवारों के लिए बड़ी बचत साबित हो सकती है, खासकर तब जब इलाज लंबे समय तक चलता है और बीमा कवर लिमिटेड होता है.
इसके अलावा, विदेश यात्रा को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने ओवरसीज टूर पैकेज पर TCS दर कम करने का फैसला किया. इस कदम से आम लोगों के साथ-साथ इंडस्ट्री को भी फायदा होगा और विदेशी पर्यटन सस्ता बनेगा.