Advertisement

Study: रोजाना करें 20-25 मिनट Exercise, कम हो जाएगा ज्यादा देर तक बैठने से होने वाला मौत का खतरा, स्टडी में खुलासा

ब्रिटिश जर्नल ऑफ स्पोर्ट्स मेडिसिन में ऑनलाइन प्रकाशित एक रिसर्च के मुताबिक रोजाना ज्यादा देर तक बैठकर काम करने वालों के लिए एक्सरसाइज फायदेमंद साबित होता है. रोजाना 20-25 मिनट की एक्सरसाइज करने से ज्यादा देर तक बैठने से होने वाले मौत के जोखिम को कम किया जा सकता है.

रोजाना 20-25 मिनट एक्सरसाइज करने से ज्यादा देर तक बैठने से होने वाला मौत का खतरा कम होता है
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 26 अक्टूबर 2023,
  • अपडेटेड 10:44 AM IST

अगर आप लंबे समय तक एक बैठकर काम करते हैं तो मृत्यु का खतरा बढ़ जाता है. लेकिन इस जोखिम को कम किया जा सकता है. एक स्टडी में खुलासा हुआ है कि रोजाना रोजाना 20-25 मिनट एक्सरसाइज करने से ज्यादा देर तक बैठने से होने वाली मौत के जोखिम को कम किया जा सकता है. ब्रिटिश जर्नल ऑफ स्पोर्ट्स मेडिसिन में ऑनलाइन प्रकाशित रिपोर्ट से पता चला है कि फिजिकल एक्टिविटी की उच्च क्षमता कम जोखिम से जुड़ी हुई है. भले ही रोजाना बैठकर कितना भी समय बिताया जाए. विकसित देशों में व्यस्क रोजाना औसतन 9 से 10 घंटे बैठकर समय बिताते हैं. रिसर्चर्स के मुताबिक अत्याधिक गतिहीन जीवनशैली मृत्यु के जोखिम को बढ़ाती है.

12 हजार लोगों पर किया गया रिसर्च-
नॉर्वेजियन ट्रोम्सो स्टडी में कम से सम 50 साल की उम्र के 12 हजार लोगों पर रिसर्च किया. इस स्टडी में कम से कम दो साल तक 10 घंटे की दैनिक गतिविधियों को रिकॉर्ड किया गया. इस स्टडी में ये पता चला कि रोजाना 8 घंटे की बैठने वालों के मुकाबले 12 घंटे से अधिक समय तक बैठे रहने से मृत्यु का खतरा 38 फीसदी बढ़ जाता है.
रिसर्च में पता चला कि 5943 लोगों ने रोजाना 10.5 घंटे से कम समय बैठकर बिताया, जबकि 6042 लोगों ने 10.5 घंटे से ज्यादा का वक्त बैठकर बिताया. डेथ रजिस्ट्रीज से पता चला कि 5 साल की अवधि में 85 लोगों की मौत हुई है. जिसमें से 375 लोगों ने रोजाना 10.5 घंटे से कम समय बैठकर बिताया. जबकि मरने वाले 448 लोगों ने 10.5 घंटे से ज्यादा समय बैठकर बिताया था.

12 घंटे बैठने से मृत्यु का जोखिम 38 फीसदी बढ़ जाता है-
एक्टिविटी ट्रैकर डाटा से विश्लेषण से पता चला कि 8 घंटे रोजाना बैठकर बिताने वाले लोगों के मुकाबले 12 घंटे से अधिक बैठकर समय बिताने वालों में मृत्यु का जोखिम 38 फीसदी बढ़ जाता है. लेकिन रोजाना 22 मिनट से कम शारीरिक गतिविधियां करने वाले के मुकाबले 22 से ज्यादा शारीरिक गतिविधियां करने वालों में मृत्यु का जोखिम कम था. उदाहरण के लिए दिन में 10 मिनट की शारीरिक गतिविधि 10.5 से कम घंटे बैठकर बिताने वालों में मृत्यु के 15 फीसदी कम जोखिम से जुड़ी थी, जबकि रोजाना 10.5 घंटे से अधिक गतिहीन समय बिताने वालों में यह जोखिम 35 फीसदी कम थी.
रिसर्चर्स ने माना कि साइकिल चलाना, रेजिस्टेंस ट्रेनिंग, बागवानी जैसी शारीरिक गतिविधियों से ज्यादा समय से बैठने से होने वाली मौत के जोखिम को कम किया जा सकता है.

ये भी पढ़ें:

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Advertisement