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अगर आपके बच्चों में भी दिख रहे हैं ये 7 लक्षण, तो हो सकता है कोरोना का खतरा

देशभर में कोरोना के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं. कोविड का ये नया वेरिएंट बच्चों में बेहद संक्रामक है. हालांकि अगर आपके बच्चों में बुखार, नाक बहना, गले में दर्द, शरीर में दर्द, सूखी खांसी, उल्टी आना, लूज मोशन जैसे लक्षण दिखते हैं तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें. 

बच्चों में कोरोना का खतरा
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 22 अप्रैल 2022,
  • अपडेटेड 2:18 PM IST
  • पिछले दो हफ्तों में बढ़ रहा है फ्लू
  • बच्चों में बढ़ रहा है कोरोना का खतरा

दुनियाभर में कोरोना के मामले फिर से रफ्तार पकड़ रहे हैं. भारत में खासतौर पर XE वेरिएंट लोगों के लिए चिंता का विषय बना हुआ है. भारत में पिछले 24 घंटों में कोरोना के दो हजार से ज्यादा मामले सामने आए हैं. इससे पहले कोरोना के जितने भी वेरिएंट आए, उनका बच्चों पर कोई खास असर नहीं था, लेकिन इस नए वेरिएंट ने बच्चों को अपनी चपेट में ले लिया है. स्कूल खुलने के बाद खासतौर पर इन मामलों में बढ़ोतरी देखी गई है. 

पिछले दो हफ्तों में बढ़ रहा है फ्लू
हेल्थ एक्सपर्ट्स भी मान रहे हैं कि पिछले दो हफ्तों से बच्चों में फ्लू जैसे लक्षण ज्यादा देखे गए हैं. ऐसे में अगर बच्चे कोरोना वायरस की चपेट में आ भी रहे हैं तो उन्हें परेशान होने की जरूरत नहीं है. दरअसल बच्चों में कोरोना के लक्षण काफी हल्के हैं. समय पर इलाज करवा लेने से बच्चों काफी जल्दी रिकवर कर रहे हैं. ऐसे में बच्चों में लक्षण को समय रहते पहचान लेना बेहद जरूरी है. 

इन लक्षणों को न करें नजरअंदाज 
कोविड के पिछले वेरिएंट्स की तुलना में XE वेरिएंट को ज्यादा संक्रामक माना जा रहा है. ऐसे में ये बेहद जरूरी है कि बच्चों को इस नए वेरिएंट के संक्रमण से बचाकर रखा जाए. बच्चों में बुखार, नाक बहना, गले में दर्द, शरीर में दर्द, सूखी खांसी, उल्टी आना, लूज मोशन लक्षण दिखते ही तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें. 

बच्चों में बढ़ रहा मल्टी सिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम (MIS-C)
हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो कोरोना के इस नए वेरिएंट से संक्रमित बच्चों के शरीर में सूजन की समस्या हो सकती है. बच्चों के शरीर में ये सूजन हफ्तों तक रह सकती है. सूजन की इस स्थिति को मल्टी सिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम (MIS-C) कहते हैं. इस सिंड्रोम में कुछ लक्षण आम हैं. जैसे - बुखार, गर्दन में दर्द, रैशेज होना, उल्टी या दस्त, थकान महसूस होना, आंखें लाल होना, हाथ-पैरों में सूजन आना, होंठ फटना, गले में सूजन और पेट दर्द. ऐसी स्थिति में एक्सपर्ट्स तुरंत डॉक्टर से संपर्क करने का सुझाव देते हैं. हालांकि डॉक्टरों का ये भी कहना है कि मल्टी सिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम (MIS-C) जल्दी से ठीक भी हो सकता है. 


 

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