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Navratri 2022: नारी शक्ति की मिसाल हैं ये भारतीय महिलाएं, हर कदम पर बन रहीं प्रेरणा

gnttv.com
  • नई दिल्ली ,
  • 29 सितंबर 2022,
  • Updated 11:37 AM IST
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सीमा राव को भारतीय मीडिया में "वंडर वुमन ऑफ इंडिया" के नाम से जाना जाता है. वह भारत की पहली महिला कमांडो ट्रेनर हैं. इतना ही नहीं, सीमा एक योग्य मेडिकल प्रोफेशनल हैं और उन्होंने क्राइसिस मैनेजमेंट में एमबीए किया है. अपने पति, मेजर दीपक राव के साथ, उन्होंने लगभग 15,000 से ज्यादा सैनिकों को प्रशिक्षित किया है. (Photo: Facebook)

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'आयरन लेडी' के नाम से जानी जाने वाली इरोम चानू शर्मिला अडिग इच्छाशक्ति की प्रतीक रही हैं. इरोम एक नागरिक अधिकार और राजनीतिक कार्यकर्ता हैं और उन्होंने भारत सरकार द्वारा निर्धारित सशस्त्र बल विशेष अधिकार अधिनियम के विरोध में 16 वर्षों तक भूख हड़ताल की. यह दुनिया में हुई सबसे लंबी भूख हड़ताल थी. (Photo: Wikipedia)

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लक्ष्मी अग्रवाल की कहानी हर लड़की के लिए प्रेरणा है. लक्ष्मी अग्रवाल सिर्फ 15 साल की थीं, जब उनका पीछा करने वाले ने एक शख्स ने उनके चेहरे पर तेजाब फेंक दिया. उनका चेहरा जल गया, उनकी कई सर्जरी हुईं. लेकिन इस घटना ने उन्हें इतना मजबूत बना दिया कि उन्होंने देश में एसिड की खुलेआम बिक्री के खिलाफ अभियान चलाए और याचिकाएं दायर कीं. जिसके बाद, भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा एसिड की बिक्री के नियमन का आदेश दिया. (Photo: Wikipedia)

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तुलसी गौड़ा वन के विश्वकोश (Encyclopedia of Forests) के रूप में भी जाना जाता है. तुलसी गौड़ा को उनके योगदान और वनों की रक्षा के प्रयासों के लिए पद्म श्री से सम्मानित किया गया था. कर्नाटक के हलक्की वोक्कालू आदिवासी समुदाय की इस तुलसी ने 30,000 से अधिक पौधे लगाए हैं और एक स्पर्श से वह पौधों को पहचानने की अनूठी क्षमता रखती हैं. (Photo: Wikipedia)

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फाल्गुनी नायर ने इन्वेस्टमेंट बैंकिंग में 20 साल के लंबे करियर को छोड़कर अपने एक ब्यूटी स्टार्टअप शुरू की और आज फाल्गुनी नायर देश की सबसे सफल महिलाओं में से एक बन गई हैं. वह Nykaa की फाउंडर हैं और अब भारत की सबसे अमीर सेल्फ-मेड बिलेनियर. उन्होंने साबित किया है कि औरतें घर ही नहीं बिजनेस भी बाखूबी संभाल सकती हैं. (Photo: LinkedIn)

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