Advertisement

Covid-19 के वेरिएंट Omicron से निपटने के लिए नोएडा की सोसाइटी ने बना डाला अपना खुद का अस्पताल, जानिए कैसे

कोरोना की दूसरी लहर के दौरान लोगों को ऑक्सीजन की कमी, अस्पतालों में बेड न होने और अन्य समस्याओं के कारण कई लोगों की जान चली गयी थी. ऐसे में लोग अब उस दूसरी लहर को याद करके, तीसरी लहर की तैयारी में जुट गए हैं. कोरोना के नए वेरिएंट को ध्यान में रखते हुए सोसाइटी वालों ने अस्पताल ही बना डाला है.

Covid-19
वरुण सिन्हा
  • नई दिल्ली,
  • 13 दिसंबर 2021,
  • अपडेटेड 8:48 PM IST
  • डॉक्टर और नर्सिंग स्टाफ भी है मौजूद
  • अस्पताल में है बेड, ऑक्सीजन सिलेंडर और अन्य सुविधाएं

कोरोना ने नए वेरिएंट ओमिक्रॉन (Omicron) को देखते हुए देश में सरकार लगातार प्रयास कर रही हैं. कोशिशें हैं कि स्वास्थ्य सुविधाओं को पहले से तैयार कर लिया जाए ताकि कोरोना की दूसरी लगर जैसे हालात न बनें. ऐसे में आम लोग भी अपने स्तर पर इससे बचने के लिए कई प्रयास कर रहे हैं. इस नए खतरे से बचने के लिए नोएडा के पंचशील सोसाइटी 1 में एक मिनी हॉस्पिटल तैयार कर लिया गया है.

अस्पताल में है बेड, ऑक्सीजन सिलेंडर और अन्य सुविधाएं

दरअसल, कोरोना की दूसरी लहर के दौरान लोगों को ऑक्सीजन की कमी, अस्पतालों में बेड न होने और अन्य समस्याओं के कारण कई लोगों की जान चली गयी थी. ऐसे में लोग अब उस दूसरी लहर को याद करके, तीसरी लहर की तैयारी में जुट गए हैं. कोरोना के नए वेरिएंट को ध्यान में रखते हुए सोसाइटी वालों ने अस्पताल ही बना डाला है. नोएडा के पंचशील ग्रीन्स 1 में बने इस अस्पताल में फिलहाल 5 बेड हैं,ऑक्सीजन के सिलेंडर और तमाम जरूरी उपकरणों मौजूद हैं. 

अस्पताल में है बेड, ऑक्सीजन सिलेंडर और अन्य सुविधाएं

पंचशील 1 सोसाइटी के आर डब्लू ए अध्यक्ष विकास कुमार कहते हैं ये हमारे लिए इसलिए जरूरी था क्योंकि दूसरी लहर के हालात हम देख चुके हैं, उस समय हालांकि हमने इसे शुरू करने का सोचा था, लेकिन अब हमारी तैयारी ज्यादा है. 

कोविड हॉस्पिटल

डॉक्टर और नर्सिंग स्टाफ भी है मौजूद 

आपको बता दें, इस इमरजेंसी हॉस्पिटल में स्वास्थ्य सेवाओं के लिए 24 घंटे के लिए डॉक्टर भी मौजूद है. इसके साथ जरूरत पड़ने पर नर्सिंग स्टाफ की भी व्यवस्था सोसाइटी द्वारा की गई है. सोसाइटी के किसी भी व्यक्ति को अगर कोरोना होता है, तो वे ऐसी स्थिति में यहां आकर फ्री में इलाज करा सकते हैं. कोरोना की तीसरी लहर को ध्यान में रखते हुए और कोरोना के नए वेरिएंट के आने से ये लोग अपनी तरफ से हर तरह की व्यवस्था करना चाहते हैं, जिससे मुसीबत के समय में किसी भी व्यक्ति को दिक्कत का सामना न करना पड़े. 

ये भी पढ़ें


 
 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Advertisement