प्रदेश के कुछ हिस्सों में स्मार्ट बिजली मीटर को लेकर विरोध के बीच जिला कांगड़ा के विद्युत विभाग उपमंडल फतेहपुर में स्मार्ट मीटर लगाने का काम तेजी से जारी है. बिजली विभाग का कहना है कि यह कदम व्यवस्था में सुधार, पारदर्शिता और उपभोक्ताओं को बेहतर सेवाएं देने के उद्देश्य से उठाया गया है. वहीं विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे स्मार्ट मीटर को लेकर फैलाई जा रही भ्रांतियों में न आएं.
मिलेगा सीधा लाभ
बिजली विभाग के अनुसार, उपमंडल फतेहपुर क्षेत्र में कुल 15 हजार 500 बिजली कनेक्शन हैं. इनमें से करीब 12 हजार 500 घरेलू कनेक्शन और लगभग 2 हजार वाणिज्यिक कनेक्शन शामिल हैं. विभाग द्वारा चरणबद्ध तरीके से पुराने मीटर हटाकर स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं. अब तक लगभग 800 पुराने मीटर बदले जा चुके हैं, जबकि शेष कनेक्शनों पर काम लगातार जारी है. विभाग का दावा है कि स्मार्ट मीटर से बिलिंग प्रणाली पूरी तरह पारदर्शी बनेगी और रीडिंग से जुड़ी शिकायतें समाप्त होंगी.
गांव में लगेगा स्मार्ट बिजली मीटर
बिजली विभाग उपमंडल फतेहपुर के सहायक अभियंता अभिजीत सिंह ने बताया कि स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं के हित में हैं. उन्होंने कहा कि विभाग ने उपभोक्ताओं से आग्रह किया है कि वे किसी भी तरह की गलत जानकारी या अफवाहों पर ध्यान न दें. स्मार्ट मीटर से बिजली खपत की सटीक जानकारी मिलेगी, जिससे जितनी बिजली का उपयोग होगा, उतना ही बिल आएगा. उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी उपभोक्ता को स्मार्ट मीटर से संबंधित कोई शंका या जानकारी चाहिए, तो वे नजदीकी बिजली बोर्ड कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं.
स्मार्ट मीटर को लेकर हो रहे विरोध पर कांगड़ा जोन के चीफ इंजीनियर अजय गौतम ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हर नई तकनीक का शुरुआत में विरोध होना स्वाभाविक है. उन्होंने बताया कि स्मार्ट मीटर पूरे देश में लगाए जा रहे हैं और यह कोई नया या प्रयोगात्मक कदम नहीं है. इससे पहले इलेक्ट्रॉनिक मीटरों को लेकर भी इसी तरह की आशंकाएं जताई गई थीं, लेकिन पायलट प्रोजेक्ट सफल रहने के बाद उन्हें पूरे प्रदेश में लागू किया गया.
बिजली चोरी पर रोक
अजय गौतम ने कहा कि स्मार्ट मीटर से बिजली चोरी पर प्रभावी रोक लगेगी और राजस्व व्यवस्था मजबूत होगी.उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि धर्मशाला में स्मार्ट मीटर लगाए जाने के बाद मीटर जंप, गलत रीडिंग और बिलिंग से जुड़ी कई समस्याएं पूरी तरह समाप्त हो गई हैं. स्मार्ट मीटर से बिजली खपत की रियल टाइम निगरानी संभव होगी, जिससे उपभोक्ताओं और विभाग दोनों को लाभ मिलेगा.
रिपोर्टर: पूजा शर्मा
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