Advertisement

ऑनलाइन गेम में पैसे लगाने की ऐसी सनक! AI से खुद के अपहरण की फोटो बनवाई, पिता से मांगे 1 लाख रुपये

गोरखपुर के सिकरीगंज थाना क्षेत्र में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है. यहां एक बालक ने ऑनलाइन गेम में पैसे लगाने के लिए अपने ही अपहरण की कहानी गढ़ दी. चलिए आपको बताते हैं पूरा मामला क्या है.

Gorakhpur kidnapping story
रवि गुप्ता
  • गोरखपुर ,
  • 13 अगस्त 2026,
  • अपडेटेड 12:56 PM IST

गोरखपुर के सिकरीगंज थाना क्षेत्र में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है. यहां एक बालक ने ऑनलाइन गेम में पैसे लगाने के लिए अपने ही अपहरण की कहानी गढ़ दी और पिता से एक लाख रुपये की मांग कर दी. पुलिस ने सूचना मिलने के महज दो घंटे के भीतर बालक को सकुशल बरामद कर पूरे मामले का खुलासा कर दिया. चलिए आपको बताते हैं पूरा मामला क्या है.

दरअसल, सिकरीगंज थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दी कि उसका भांजा घर से निकलने के बाद वापस नहीं लौटा है. इसी बीच बालक के मोबाइल से उसके पिता के मोबाइल पर कुछ तस्वीरें भेजी गईं और एक लाख रुपये की मांग की गई. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की. पुलिस टीमों ने CDR और CCTV फुटेज की मदद से बालक की तलाश शुरू की और करीब दो घंटे के भीतर उसे सकुशल बरामद कर लिया. इसके बाद बालक को नियमानुसार उसके परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया.

ऑनलाइन गेम खेलने का आदी
पूछताछ में जो बात सामने आई, उसने पुलिस को भी हैरान कर दिया. पुलिस के मुताबिक, बालक ऑनलाइन गेम खेलने का आदी है और गेम में पैसे लगाने के लिए उसने खुद को अपहृत बताए जाने की साजिश रची थी. इसके लिए उसने AI की मदद से तैयार की गई तस्वीरें अपने पिता के मोबाइल पर भेजीं और उनसे एक लाख रुपये की मांग की. जानकारी के मुताबिक उसकी गर्लफ्रेंड ने उसकी AI से फोटो बनाकर भेजी थी जो दिल्ली में रहती है.

इस पूरे मामले में क्या कहना है पुलिस का?
वही इस पूरे मामले में सीओ खजानी दीपांशी राठौड़ ने बताया कि, शुभम कुमार ने अपने भांजे के घर से निकलकर वापस ना आने की सूचना दी. साथ ही भांजे के मोबाइल से अपने पिता के मोबाइल पर कुछ फोटो भेजी गई और WhatsApp के माध्यम से एक लाख की डिमांड की गई. इसके संबंध में तत्काल मुकदमा पंजीकृत कर सीडीआर और सीसीटीवी के मदद से टीमों के द्वारा बालक को मात्र दो घंटों में सकुशल बरामद कर परिवार को सुपुर्द किया गया. पूछताछ में ये सामने आया कि बालक जो ऑनलाइन गेम खेलने का शौकीन है. उसके द्वारा ऑनलाइन गेमिंग में पैसे लगाने हेतु खुद को अपहृत बनाकर AI जनरेटेड फोटो भेजी गई एवं एक लाख रुपए की मांग की गई इसमें किसी और के द्वारा पैसे की मांग नहीं की गई.

ये भी पढ़ें: 

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Advertisement