Advertisement

Train Travel New Rules: रील के शौकीनों पर भारी पड़ेगा रेलवे का यह नया नियम! आ सकती है जेल की हवा खाने तक की नौबत

ट्रेन और रेलवे परिसर में मोबाइल पर तेज आवाज में गाने या वीडियो चलाने वाले यात्रियों पर अब रेलवे ने सख्ती बढ़ा दी है. दक्षिण रेलवे समेत कई जोन्स ने इसके खिलाफ कदम उठाए हैं. नियमों का उल्लंघन करने पर 1,000 रुपये तक का जुर्माना और छह महीने तक की जेल तक हो सकती है.

ट्रेन में तेज आवाज में फोन चलाने पर रोक
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 29 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 6:56 PM IST

ट्रेन में सफर के दौरान मोबाइल पर तेज आवाज में गाने सुनना या वीडियो चलाना अब यात्रियों को भारी पड़ सकता है. रेलवे ने इस तरह की परेशानी को रोकने के लिए कदम उठाने शुरू कर दिए हैं. रेलवे जोन अब पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम के जरिए यात्रियों से अपील करेंगे कि वे ट्रेन और रेलवे परिसर में मोबाइल पर तेज आवाज में गाने या वीडियो न चलाएं. नियमों का उल्लंघन करने पर 1,000 रुपये तक का जुर्माना और/या छह महीने तक की जेल हो सकती है.

यात्रियों को अनाउंसमेंट के जरिए किया जाएगा जागरूक
रिपोर्ट के मुताबिक, दक्षिण रेलवे ने 6 अक्टूबर को जारी एक सर्कुलर में अपने डिवीजनों को निर्देश दिया है कि यात्रियों को इस बारे में जागरूक किया जाए. इसमें कहा गया है कि ट्रेन या रेलवे परिसर में मोबाइल को स्पीकर मोड पर रखकर गाने सुनना, वीडियो चलाना और तेज आवाज में बातचीत करना कानूनी कार्रवाई की वजह बन सकता है. दक्षिण रेलवे के अलावा उत्तर रेलवे और पश्चिम रेलवे ने भी ट्रेनों में मोबाइल फोन के गलत इस्तेमाल पर रोक लगाने के लिए कदम उठाने का फैसला किया है.

एसी कोच में तेज आवाज में वीडियो चलाने की शिकायतें
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, रेल मदद के जरिए यात्रियों की कई शिकायतें मिली हैं. रेल मदद रेलवे की शिकायत दर्ज कराने और सहायता पाने की व्यवस्था है. इन शिकायतों में यात्रियों ने बताया कि कुछ लोग एसी कोच में मोबाइल के स्पीकर पर तेज आवाज में गाने और वीडियो चलाते हैं, जिससे दूसरे यात्रियों को परेशानी होती है. रिपोर्ट में कहा गया है कि मोबाइल इंटरनेट की आसान उपलब्धता के कारण सार्वजनिक जगहों पर स्पीकर के जरिए वीडियो और दूसरे कंटेंट चलाने का चलन बढ़ा है. ऐसे में यात्रियों को होने वाली परेशानी रोकने के लिए कदम उठाना जरूरी है.

रेलवे कानून में बदलाव से कार्रवाई करना होगा आसान
उत्तर रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी ने दक्षिण रेलवे के फैसले को सही कदम बताया. उनका कहना है कि यात्रियों को खुद भी अनुशासन रखना चाहिए और गाने सुनते या वीडियो देखते समय हेडफोन का इस्तेमाल करना चाहिए. अधिकारी के मुताबिक, रेलवे कानून में हुए संशोधनों के बाद अब ऐसे यात्रियों पर जुर्माना लगाने या उनके खिलाफ मुकदमा चलाने का रास्ता खुला है, जिनके मोबाइल इस्तेमाल से दूसरे यात्रियों को परेशानी होती है. पश्चिम रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी ने भी कहा कि हाल में हुए कानूनी बदलावों से मोबाइल फोन के कारण होने वाली परेशानी पर सख्ती से कार्रवाई की जा सकेगी.

पहले भी जारी हुए थे निर्देश
रिपोर्ट के मुताबिक, रेलवे बोर्ड ने पहले भी सभी जोन को निर्देश दिए थे कि अनाउंसमेंट और कोच में स्टिकर लगाकर यात्रियों से ऐसा मोबाइल इस्तेमाल न करने की अपील की जाए, जिससे दूसरे यात्रियों के आराम में बाधा आए. हालांकि, उस समय कानून में स्पष्ट प्रावधान नहीं होने के कारण इन निर्देशों को लागू करना मुश्किल था. अब कानूनी बदलावों के बाद रेलवे अधिक सख्ती से कार्रवाई कर सकेगा.
 

ये भी पढ़ें 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Advertisement