Advertisement

Sudan Civil War: फंसे भारतीयों को निकालने के लिए क्या कर रही है सरकार, भारत के अब तक के 4 बड़े रेस्क्यू ऑपरेशन

Indians Stranded in Sudan: सूडान गृहयुद्ध की चपेट में है. सेना और अर्धसैनिक रैपिड सपोर्ट फोर्स के बीच लगातार झड़प हो रही है. जिसमें 400 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है. हजारों विदेशी नागरिक फंसे हुए हैं. दुनियाभर के लोग अपने नागरिकों को हिंसा प्रभावित इलाकों से निकालने में जुटे हुए हैं.

सूडान में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए अब तक क्या हुआ (Photo/ANI)
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 24 अप्रैल 2023,
  • अपडेटेड 9:44 AM IST

सूडान में हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं. दुनियाभर के देशों की नजर सूडान पर है. हर देश अपने नागरिकों को हिंसा प्रभावित इलाकों से निकालना चाहता है. भारत भी अपने नागरिकों को सूडान से निकालने के विकल्पों पर विचार कर रहा है. सरकार के मुताबिक सूडान में इस वक्त 3 हजार भारतीय हिंसा प्रभावित इलाकों में फंसे हुए हैं. विदेश मंत्रालय के मुताबिक भारतीय सेना के दो विमान जेद्दा में उड़ान भरने के लिए तैयार हैं. जबकि नौसेना का एक जहाज सूडान पोर्ट भी पहुंच गया है.

दूसरे देशों के संपर्क में भी भारत-
सूडान के हिंसा प्रभावित इलाकों में फंसे लोगों को निकालने के लिए सरकार हर संभव कोशिश कर रही है. इसके लिए भारत दूसरे देशों के साथ भी संपर्क बनाए हुए है. भारत लगातार संयुक्त राष्ट्र, यूएई, इजिप्ट, सऊदी अरब और अमेरिका समेत तमाम देशों से संपर्क बनाए हुए है. इसका नतीजे भी सामने आ रहे हैं. शनिवार को सूडान में फंसे 3 भारतीयों को सऊदी अरब ने निकाला. 

बचाव कार्य में हो रही दिक्कत-
सूडान में सेना और अर्धसैनिक रैपिड सपोर्ट फोर्स के बीच हो रही हिंसा में अब तक 400 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है. इस संघर्ष में शामिल सूडानी आर्मी ने राजनयिकों और विदेशी नागरिकों को बाहर ले जाने के लिए सैन्य विमानों के इस्तेमाल की इजाजत देने की बात कही थी. हालांकि भारत सरकार का कहना है कि फिलहाल सभी विदेशी विमानों के लिए सूडानी हवाई क्षेत्र को बंद कर दिया गया है. इसके अलावा ओवरलैंड मूवमेंट में कई तरह की जोखिम और चुनौतियां हैं.

विदेशों में भारत के रेस्क्यू ऑपरेशन-
फिलहाल भारत सरकार सूडान में हिंसा प्रभावित इलाकों से भारतीय को निकालने की कोशिश कर रही है. लेकिन इससे पहले कई बार ऐसा हुआ है कि सरकार ने दूसरे देशों में फंसे भारतीयों को सकुशल वापस वतन लाया है. चलिए आपको विदेशों में भारतीय के बड़े रेस्क्यू ऑपरेशन के बारे में बताते हैं.

यूक्रेन में ऑपरेशन गंगा-
साल 2022 में रूस और यूक्रेन युद्ध के कारण हजारों भारतीय यूक्रेन में फंस गए थे. तब भारत सरकार ने ऑपरेशन गंगा चलाया था और भारतीयों को वापस लाया था. यूक्रेन से 11 हजार से अधिक भारतीयों का रेस्क्यू किया गया था और सकुशल घर लाया गया था. इस अभियान में कई मंत्रियों को लगाया गया था.

साल 2021 में ऑपरेशन देवी शक्ति-
साल 2021 में अमेरिका ने अफगानिस्तान छोड़ दिया था. उसके बाद तालिबान ने अफगानिस्तान पर कब्जा कर लिया था. जिससे हर विदेशी नागरिक अफगानिस्तान छोड़ना चाहता था. हजारों भारतीय नागरिक युद्ध में फंसे थे. तब भारत सरकार ने ऑपरेशन देवी शक्ति चलाया था और 800 लोगों को निकाला था.

यमन में ऑपरेशन राहत-
साल 2015 में रॉयल सऊदी फोर्स ने हूती विद्रोहियों पर हमले शुरू कर दिए थे. जिसके बाद यमन में अफरा-तफरी का माहौल बन गया. इसमें हजारों भारतीय भी फंसे थे, जो अपने वतन लौटना चाहते थे. इसको लेकर भारत सरकार ने ऑपरेशन राहत चलाया. इसके जरिए 4600 से अधिक भारतीयों को सकुशल वापस लाया गया.

कुवैत में रेस्क्यू ऑपरेशन-
साल 1990 में इराक ने कुवैत पर हमला कर दिया था. उस दौरान लाखों लोग कुवैत में फंसे थे. एयर इंडिया की मदद से एक लाख 70 हजार लोगों का रेस्क्यू किया गया था. इस सबसे बड़े रेस्क्यू ऑपरेशन का नाम गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज है.

ये भी पढ़ें:

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Advertisement