देशभर में गणेशोत्सव की धूम है और भगवान गणेश की भक्ति के साथ अलग-अलग शहरों में आकर्षक पंडाल और अनूठी थीम भी देखने को मिल रही है. गुजरात के सूरत शहर में भी इस बार गणेशोत्सव के दौरान एक ऐसा ही अनोखा गणेश पंडाल तैयार किया गया है, जिसकी थीम देखकर लोग हैरान हो रहे हैं. सूरत के महिधरपुरा इलाके में तैयार किए गए इस गणेश पंडाल की खासियत यह है कि यहां भगवान गणेश के दर्शन करने से पहले श्रद्धालुओं को एक हॉरर थीम से होकर गुजरना पड़ता है.
आमतौर पर गणेश पंडालों में भक्तों के लिए धार्मिक और पौराणिक झांकियां सजाई जाती हैं, लेकिन महिधरपुरा इलाके के इस पंडाल में आयोजकों ने कुछ अलग करने की कोशिश की है. यहां भगवान गणेश के दर्शन के लिए पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को पहले भूत-प्रेत, पिशाच और डरावने किरदारों से सामना करना पड़ता है.
पंडाल में प्रवेश करते ही भक्तों को अलग-अलग तरह के हॉरर सीन देखने को मिलते हैं, जिन्हें खास तौर पर लोगों के मनोरंजन और रोमांच को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है. यह पूरा गणेश पंडाल तीन से चार अलग-अलग लेयर में तैयार किया गया है. जैसे ही श्रद्धालु लाइन में लगकर पंडाल के अंदर प्रवेश करते हैं, उनका सामना एक के बाद एक अलग-अलग हॉरर सीन से होता है.
कहीं भूत-प्रेत नजर आते हैं तो कहीं पिशाच और डरावने किरदार लोगों को डराने की कोशिश करते दिखाई देते हैं. पंडाल में इस तरह का माहौल तैयार किया गया है कि कुछ समय के लिए श्रद्धालुओं को ऐसा महसूस होता है जैसे वे किसी हॉरर फिल्म के सेट के अंदर पहुंच गए हों. हालांकि इन सभी किरदारों और दृश्यों का उद्देश्य लोगों को डराने के साथ-साथ उनका मनोरंजन करना है.
इस पंडाल की सबसे खास बात यह है कि हॉरर थीम से गुजरने के बाद ही श्रद्धालु भगवान गणेश के मुख्य पंडाल तक पहुंचते हैं. यानी भक्तों की यात्रा डर और रोमांच से शुरू होती है और आखिर में भगवान गणेश के दर्शन के साथ पूरी होती है. पंडाल के बाहर भगवान गणेश के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतारें भी देखने को मिल रही हैं. खासकर बच्चों में इस अनोखी थीम को लेकर काफी उत्सुकता दिखाई दे रही है. बड़ी संख्या में माता-पिता अपने बच्चों को लेकर इस पंडाल में पहुंच रहे हैं, जहां बच्चे हॉरर सीन देखकर रोमांचित नजर आते हैं.
सूरत शहर में हॉरर थीम पर भगवान गणेश के दर्शन करवाने वाले आयोजक अनिल मोदी ने कहा कि यह हॉरर और मिस्ट्री थीम है हमारा. फॉरेन कंट्री में ऐसे थीम्स आप लोगों को देखने मिलते हैं. तो इस साल हमने ऐसा करने का सोचा. हम आखिरी 4 साल से यह प्रोग्राम बना रहे हैं, लेकिन इस साल हमने बहुत सोच-समझ के बाद ऐसा किया.
बाहर की दुनिया में हैलोवीन थीम क्या होता है, मिस्ट्री थीम क्या होता है. तो हम लोग सूरत की जनता को दिखाने के लिए हमने यह प्लानिंग किया है. लास्ट 2 मंथ से हम लोग यहां पर यह पंडाल रेडी करने में लगे हुए हैं, तब तक यह रेडी हुआ है. हम लोगों ने खुद यह रेडी किया है.