Advertisement

Ukraine-Russia Crisis: यूक्रेन से भारतीयों को वापस लाने की कवायद शुरू, एयर इंडिया की फ्लाइट से लौटे 242 छात्र

रूस और यूक्रेन के बीच नाजुक हालातों को देखते हुए भारत सरकार ने यूक्रेन में रह रहे भारतीयों को देश वापस लाने की कवायद तेज कर दी है. इसी के तहत 22 फरवरी को एयर इंडिया की पहली फ्लाइट यूक्रेन में रह रहे भारतीयों को लाने के लिए पहुंची. इस फ्लाइट में करीब 242 छात्र यूक्रेन से भारत लौटे हैं. इनमें से ज्यादातर छात्र एमबीबीएस की पढ़ाई करने के लिए यूक्रेन गए थे. 

Students returned to home from Ukraine
तेजश्री पुरंदरे
  • नई दिल्ली ,
  • 23 फरवरी 2022,
  • अपडेटेड 8:59 AM IST
  • यूक्रेन से 242 भारतीय छात्र लौटे घर
  • 22 फरवरी को एयर इंडिया फ्लाइट से आए वापस

रूस और यूक्रेन के बीच तनाव की स्थिति लगातार बढ़ती जा रही है. यूक्रेन में भारत के करीब 20,000 नागरिक मौजूद है. भारत सरकार ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वह जितना जल्दी हो सके वापस भारत लौट आएं. नाजुक हालातों को देखते हुए भारत सरकार ने भी यूक्रेन में रह रहे भारतीयों को देश वापस लाने की कवायद तेज कर दी है.

इसी के तहत 22 फरवरी को एयर इंडिया की पहली फ्लाइट यूक्रेन में रह रहे भारतीयों को लाने के लिए पहुंची. इस फ्लाइट में करीब 242 छात्र यूक्रेन से भारत लौटे हैं. इनमें से ज्यादातर छात्र एमबीबीएस की पढ़ाई करने के लिए यूक्रेन गए थे. 

देश वापस आकर मिला नया जीवन: 

यूक्रेन से वतन वापसी के बाद कई छात्रों को ऐसा लगा कि उन्हें भारत आकर नया जीवन मिला है. यूक्रेन में पिछले 2 साल से मेडिकल की पढ़ाई कर रही तनवी बताती हैं कि आने वाले समय में यूक्रेन के हालात बेहद खराब होने वाले हैं. 

वह बताती हैं कि वह पश्चिमी यूक्रेन में रह रही थीं. पश्चिमी यूक्रेन में हालात अभी इतने खराब नहीं हुए हैं जितने पूर्वी यूक्रेन में हो रहे हैं. उन्होंने कहा कि यूक्रेन की लगभग सभी सीमाओं पर रूस के आर्मी तैनात है. सीमाओं पर भारी संख्या में रूस के हथियार और वॉर टैंक रखे गए हैं. 

रात में आती थी फायरिंग की आवाज: 

दिल्ली से मेडिकल की पढ़ाई करने गई 20 वर्षीया छात्रा साक्षी ने बताया कि उन्हें रात को फायरिंग की आवाज सुनाई पड़ती थी जिसे सुनकर वह सहम जाती थीं.  वह बताती हैं कि यूक्रेन में हर जगह चप्पे-चप्पे पर पुलिस पेट्रोलिंग कर रही है. 

दिन हो या रात, हर समय पुलिस की पेट्रोलिंग जारी है. उन्होंने कहा कि इन सब चीजों को देखते हुए उन्होंने भारत वापस लौटने का फैसला किया. अपने देश लौटकर सभी छात्र बेहद सुरक्षित महसूस कर रहे हैं और उन्हें ऐसा लग रहा है कि अब दूसरा जीवन मिल गया है. 

उनका कहना है कि जब से रूस से दोनों प्रांतों को स्वतंत्र देश का दर्जा दिया है तब से स्थिति और भी खराब हो रही है. इन छात्रों में से बहुत से ऐसे हैं जो छह महीने पहले ही पढ़ाई के लिए यूक्रेन गए थे. और उन्हें इस तरह से वापस आना पड़ा. हालांकि कॉलेज की तरफ से ऑनलाइन क्लास अटेंड करने के लिए कहा गया है. 

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Advertisement