Advertisement

नारीशक्ति स्वस्थ-शिक्षित और समर्थ तो राष्ट्र का वर्तमान सुरक्षित और भविष्य उज्ज्वल- सीएम योगी

नवरात्रि के सीएम योगी आदित्यनाथ ने जगतजननी मां भगवती के स्कंदमाता स्वरूप को वात्सल्य और पोषण का अधिष्ठात्री बताया. उन्होंने कहा कि जब नारीशक्ति स्वस्थ-शिक्षित और समर्थ होती है, तभी राष्ट्र का वर्तमान सुरक्षित और भविष्य उज्ज्वल होता है.

CM Yogi Adityanath
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 15 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 12:15 PM IST

नवरात्रि के 5वें दिन यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने मां स्कंदमाता की आराधना की. इस दौरान योगी आदित्यनाथ ने जगतजननी मां भगवती के स्कंदमाता स्वरूप को वात्सल्य, ममता और पोषण की अधिष्ठात्री देवी बताया. उन्होंने कहा कि मां स्कंदमाता की आराधना हमें यह पावन संदेश देती है कि जब नारीशक्ति स्वस्थ, शिक्षित और समर्थ होती है, तभी राष्ट्र का वर्तमान सुरक्षित और भविष्य उज्ज्वल होता है.

साल 2017 से पहले सिर्फ भ्रष्टाचार था- सीएम योगी
सीएम योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट किया कि वर्ष 2017 से पहले बेटियों को संबल देने के बजाय पूर्ववर्ती सरकारें केवल अपने राजनीतिक कुनबे को पोषित करने में व्यस्त थीं. प्रदेश में माताओं का स्वास्थ्य और बेटियों की शिक्षा घोर उपेक्षा एवं भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गई थी. अस्पतालों की बदहाली, दवाओं का अभाव और संस्थागत प्रसव की लचर व्यवस्था के कारण मातृ-शिशु मृत्यु दर चिंताजनक स्थिति में थी.

डबल इंजन सरकार ने बनाया समग्र सुरक्षा एवं कल्याण चक्र-
मुख्यमंत्री ने लिखा कि विगत साढ़े 9 वर्षों में डबल इंजन सरकार ने इस स्थिति को बदला है. पहले सुविधाओं के अभाव में प्रदेश की लाखों बेटियां पढ़ाई छोड़ने को मजबूर थीं, लेकिन विगत 9.5 वर्षों में डबल इंजन सरकार ने बेटी के जन्म से लेकर उसकी शिक्षा और सुरक्षित मातृत्व तक समग्र सुरक्षा एवं कल्याण चक्र तैयार किया है.

साल 2017 के बाद बदला माहौल- सीएम योगी
मुख्यमंत्री ने 2017 के बाद बदले परिदृश्य पर भी ध्यानाकर्षण कराया. उन्होंने बताया कि ऑपरेशन कायाकल्प से प्राथमिक विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं का सैचुरेशन 36 से बढ़कर 96 फीसदी से अधिक हो गया है. स्कूल ड्रॉपआउट रेट 20 से घटकर 3 प्रतिशत से भी कम रह गया है. अटल आवासीय विद्यालयों के माध्यम से श्रमिक व वंचित वर्ग की बेटियों को आधुनिक, विश्वस्तरीय आवासीय शिक्षा मिल रही है. कस्तूरबा बालिका विद्यालयों में कक्षा 12 तक पढ़ाई की सुविधा के विस्तार से बेटियों को अपनी शिक्षा पूरी करने के अवसर मिल रहे हैं.

मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटियों की शिक्षा में निवेश, उनके आत्मविश्वास और प्रदेश के भविष्य को सशक्त बनाने का निवेश है.

ये भी पढ़ें:

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Advertisement