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Uttar Pradesh: Love jihad को लेकर कानून को सख्त बनाने के लिए Assembly में बिल पेश, उम्रकैद की सजा का प्रावधान

यूपी सरकार ने साल 2021 में विधानसभा में धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध बिल पास किया था. जिसके मुताबिक लव जिहाद के लिए एक साल से 10 साल तक की सजा का प्रावधान था. लेकिन अब योगी सरकार इस कानून को और भी सख्त बनाने जा रही है. इसके लिए सदन में एक नया कानून पेश किया गया है. जिसके मुताबिक लव जिहाद के लिए आजीवन कारावास की सजा का प्रावधान है.

Yogi Adityanath
कुमार अभिषेक
  • लखनऊ,
  • 30 जुलाई 2024,
  • अपडेटेड 7:45 AM IST

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ की सरकार लव जिहाद को लेकर कानून बनाने का फैसला किया है. इसको लेकर सरकार ने विधानसभा में बिल पेश किया है. इस बिल में लव जिहाद पर उम्रकैद की सजा का प्रावधान है. योगी सरकार ने लव जिहाद को लेकर साल 2020 में कानून बनाया था. इस कानून को और सख्त करने के लिए सदन में नया बिल पेश किया गया है.

लव जिहाद पर उम्रकैद-
योगी सरकार ने विधानसभा में यूपी विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध (संशोधन) विधेयक 2024 पेश किया गया है. इस बिल में लव जिहाद को लेकर सजा दोगुनी करने का प्रस्ताव दिया गया है. इस बिल में विधि विरुद्ध धर्म परिवर्तन के लिए फंडिंग को भी अपराध माना गया है.

इस बिल में लव जिहाद के लिए आजीवन कारावास की सजा का प्रस्ताव है. कई अपराध के लिए सजा को दोगुना कर दिया गया है. इसमें सिर्फ शादी के लिए किया गया धर्म परिवर्तन अमान्य होगा. झूठ बोलकर, धोखा देकर धर्म परिवर्तन को अपराध माना जाएगा.

अभी क्या है कानून-
लव जिहाद को लेकर योगी सरकार ने साल 2020 में पहला कानून बनाया था. उस कानून में लव जिहाद के लिए एक से 10 साल तक की सजा का प्रावधान था. इसके साथ ही 50 हजार रुपए तक के जुर्माने का भी प्रावधान था. इस कानून के तहत गलत जानकारी, गैर-कानूनी, बलपूर्वक, लालच या अन्य कथित धोखाधड़ी के जरिए धर्म परिवर्तन को गैर-जमानती माना गया.

कानून के अनुसार उत्तर प्रदेश में विवाह के लिए धर्म परिवर्तन के लिए जिला मजिस्ट्रेट से मंजूरी लेनी होगी. कानून में सामूहिक धर्म परिवर्तन के लिए सख्त कार्रवाई का भी प्रावधान है, जिसमें सामूहिक धर्म परिवर्तन में शामिल सामाजिक संगठन का पंजीकरण रद्द करना भी शामिल है.

जबरन धर्म परिवर्तन पर भी सजा-
जबरन या धोखे से धर्म परिवर्तन के लिए 15 हजार रुपए जुर्माना के साथ 1-5 साल की जेल की सजा का प्रावधान है.अगर लड़की दलित है तो 25 हजार रुपए के जुर्माना के साथ 3-10 साल की जेल की सजा का प्रावधान है.

योगी कैबिनेट ने 24 नवंबर 2020 को लव जिहाद को लेकर अध्यादेश को मंजूरी दी थी. जिसपर 28 नवंबर 2020 को राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने मंजूरी दे दी थी.

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