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Sawan Preparation in Varanasi: काशी विश्वनाथ में सावन की तैयारियों में जुटा प्रशासन, भीड़ को मैनेज करना सबसे बड़ी चुनौती

उत्तर प्रदेश के हाथरस में हुई घटना के बाद पुलिस प्रशासन अलर्ट पर है. वाराणसी में सावन की तैयारियों में भी पुलिस प्रशासन इस बात का खास ख्याल रख रही है कि भीड़भाड़ की वजह से किसी तरह की परेशानी न हो.

Kashi Vishwanath Temple
रोशन जायसवाल
  • वाराणसी,
  • 11 जुलाई 2024,
  • अपडेटेड 10:04 AM IST

हाथरस की घटना के बाद से भीड़ वाले कार्यक्रम को लेकर पुलिस-प्रशासन किसी तरह की कोताही नहीं बरतना चाहता है. ऐसे में, जहां भी भीड़भाड़ होने वाली है वहां पर प्रशासन तैयारियों में जुटा है. जैसे कि सावन के महीने के लिए द्वादश ज्योतिर्लिंगों में से एक वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर में सभई इंतजाम किए जा रहे हैं. वाराणसी में सामान्य दिनों में ही भक्तों का तांता लगा रहता है और सावन में श्रद्धालुओं की लाखों में पहुंच जाती है.

इतनी भीड़ को मैनेज करना अधिकारियों के लिए किसी चुनौती से कम नहीं है. 22 जुलाई से शुरू होने वाले सावन माह को देखते हुए वाराणसी पुलिस प्रशासन ने अभी कमर कस ली है. इसी के मद्देनजर सभी विभागों की एक हाई लेवल बैठक काशी विश्वनाथ धाम में हुई. जिसमें कई अहम फैसले लिए गए.

क्या है प्रशासन की तैयारी 
वाराणसी के मंडलायुक्त कौशलराज शर्मा ने बताया कि सावन के मद्देनजर पुलिस, PAC, CRPF, मेडिकल, PWD और बिजली विभाग की संयुक्त बैठक हई और लिए गए निर्णय 10 दिनों में लागू भी कर दिए जाएंगे. उन्होंने बताया कि पिछली बार सावन को लेकर लिए गए निर्णय रिवाइज तो हुए ही हैं, साथ ही पूरे प्रदेश के लिए क्राउड मैनेजमेंट जरूरी हो गया है जो बारिश के मौसम में और भी महत्वपूर्ण हो जाता है. गलियों से आने वाली भीड़ पर भी ध्यान लिया गया है. सभी विभागों को जिम्मेदारी दी गई है. 

CCTV के इंतजाम, पब्लिक एड्रेस सिस्टम, एंबुलेंस, डाक्टर्स या शेड लगाकर बारिश से बचाव, पेयजल और टॉयलेट की व्यवस्था और खाने-पीने की भी व्यवस्था होगी. गंगा घाट और गलियों से आने वाली भीड़ के लिए पुलिस बल की तैनाती वायरलेस के साथ रहेगी. बेरिकेडिंग और जिगजैग भी बढ़ाया जाएगा. इसके अलावा स्थानीय लोगों के सहयोग की बात की गई है. उन्होंने आगे बताया कि अलग-अलग सोमवार पर भी अलग-अलग संगठन दर्शन करते हैं. उनकी भी व्यवस्था की गई है. उऩ्होंने बताया कि काशीवासियों को अलग से मंदिर में प्रवेश देने के ट्रस्ट के निर्णय को मूर्त रूप देने का वक्त आ गया है. दो मार्ग नन्दू फारिया और सिल्को गली प्रस्तावित है. इन्ही में से एक मार्ग काशीवासियों के लिए अगले हफ्ते सावन से पहले तय कर दिया जाएगा.

सावन में आते हैं 6-7 लाख लोग 
वाराणसी के पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने बताया कि सावन में प्रतिदिन 6 से 7 लाख श्रद्धालु काशी विश्वनाथ के दरबार में दर्शन के लिए आते हैं. श्रद्धालुओं को किसी तरह की भी असुविधा न हो इसी के मद्देनजर बैठक की गई है. काफी संख्या में फोर्स की तैनाती भी की जा रही है. जिसमें सीआरपीएफ, सिविल पुलिस, महिला पुलिस, सभी चीजों की मॉनिटरिंग कंट्रोल रूम के माध्यम से होती रहेगी. अलग से सीसीटीवी कैमरे भी लगाए जा रहे हैं ताकि एक-एक कोने और एक-एक व्यक्ति की निगरानी की जा सके. पुलिस कमिश्नर ने स्पर्श दर्शन और VIP दर्शन के बारे में बताया कि सावन के सोमवार के दिन किसी भी तरह का प्रोटोकॉल मान्य नहीं होगा.

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