दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में सर्दी की शुरुआत के साथ ही वायु प्रदूषण का संकट गहराने लगा है. हवा की गुणवत्ता खराब श्रेणी में पहुंचने के बाद राजधानी में ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP-1) लागू कर दिया गया है. इसके तहत होटलों, रेस्तरां और ढाबों में कोयले व लकड़ी के तंदूर पर रोक लगा दी गई है और आपातकालीन सेवाओं को छोड़कर डीजल जनरेटर के उपयोग पर पाबंदी है. प्रदूषण पर नियंत्रण पाने के लिए सड़कों पर एंटी-स्मॉग गन और पानी के छिड़काव का सहारा लिया जा रहा है. दिल्ली मेट्रो (DMRC) ने भी सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के लिए मेट्रो के 20 अतिरिक्त फेरे बढ़ाए हैं और निर्माण स्थलों पर 250 से अधिक एंटी-स्मॉग गन तैनात की हैं. वहीं दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने लोगों से वाहनों के प्रदूषण पर रोक लगाने और सहयोग करने की अपील की है.