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Akola Railway Station Rescue: मौत के मुंह से खींच लाई महिला RPF जवान! चलती ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच फंसे दिव्यांग बुजुर्ग की बचाई जान

नवरात्रि में मां दुर्गा की आराधना के बीच अकोला से एक ऐसी खबर आई है, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया है. महिला RPF अधिकारी सोनल इंगले की बहादुरी ने एक परिवार को बड़ी त्रासदी से बचा लिया. यहां आप पूरा मामला जान सकते हैं. 

Akola Railway Station
धनंजय साबले
  • अकोला ,
  • 12 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 2:00 PM IST

Akola Railway Station Rescue: शारदीय नवरात्रि 2026 के पहले दिन अकोला रेलवे स्टेशन पर साहस और मानवता की ऐसी तस्वीर देखने को मिली, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया. जी हां, जब एक दिव्यांग बुजुर्ग चलती ट्रेन में चढ़ने की कोशिश के दौरान प्लेटफॉर्म और ट्रेन के बीच गिरने लगे, तब ड्यूटी पर तैनात महिला RPF अधिकारी सोनल इंगले उनके लिए देवी दुर्गा बनकर सामने आईं.

अपनी जान की परवाह किए बिना उन्होंने दौड़कर बुजुर्ग को पकड़ लिया और दूसरे यात्रियों की मदद से उन्हें सुरक्षित बाहर खींच लिया. जिंदगी बचाने वाली इस बहादुरी का पूरा घटनाक्रम CCTV में कैद हो गया है. अकोला रेलवे स्टेशन पर 10 अक्टूबर 2026 को प्लेटफॉर्म नंबर दो से नवजीवन एक्सप्रेस रवाना हो रही थी. ट्रेन नंबर 12655 के चलते ही 63 वर्षीय दिव्यांग बुजुर्ग ने उसमें चढ़ने की कोशिश की, लेकिन इसी दौरान उनका संतुलन बिगड़ गया और वे प्लेटफॉर्म तथा चलती ट्रेन के बीच की जगह में गिरने लगे.

खतरा सामने था... और वक्त बेहद कम 
खतरा सामने था... और वक्त बेहद कम, लेकिन ड्यूटी पर तैनात महिला सहायक उपनिरीक्षक सोनल इंगले ने पल भर की भी देरी नहीं की. उन्होंने तुरंत दौड़कर बुजुर्ग को पकड़ लिया. मौके पर मौजूद दूसरे यात्रियों की मदद से उन्हें सुरक्षित प्लेटफॉर्म पर खींच लिया गया. RPF की इस त्वरित कार्रवाई से एक बड़ा हादसा टल गया. बुजुर्ग को मामूली खरोंचें आई हैं. 

जताया आभार
बचाए गए बुजुर्ग की पहचान दीपक शालिग्राम सदांशिव के रूप में हुई है. वे गडचिरोली जिले के निवासी हैं. उनके पास अकोला से चंद्रपुर तक की यात्रा का टिकट था. जान बचने के बाद बुजुर्ग ने महिला RPF अधिकारी और रेलवे सुरक्षा बल के प्रति आभार जताया. आपको मालूम हो कि स्टेशन पर ट्रेन में चढ़ने के दौरान बहुत जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए. ट्रेन में चढ़ने के दौरान विशेष ध्यान रखना चाहिए. ट्रेन में चढ़ने के दौरान धक्का-मुक्की नहीं करनी चाहिए. रेलवे के नियमों का हर हाल में पालन करना चाहिए.


 

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