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खाना बनाने से पहले फल चोरी करके खाती थी कुक, AI रूममेट की वजह से पकड़ी गई...ये हरकतें भी हुईं रिकॉर्ड

बेंगलुरु के टेक एक्सपर्ट पंकज तन्वर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि उन्हें शक था कि उनकी कुक फ्रिज से फल निकाल रही है. इसके बाद उन्होंने किचन में एक AI बेस्ड सर्विलांस सिस्टम लगा दिया. AI मॉनिटर ने कम से कम तीन अलग-अलग मौकों पर कुक को सेब, ब्लूबेरी और केला लेते हुए रिकॉर्ड किया. 

कुक की पकड़ी गई चोरी
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 02 मार्च 2026,
  • अपडेटेड 2:42 PM IST
  • फ्रिज से फल गायब हुए तो AI ने पकड़ी चोरी
  • रोज फ्रिज से सेब-केला होता था गायब

आपने कभी सोचा है कि अगर घर में रखा सेब-केला अपने आप गायब होने लगे तो आप क्या करेंगे? ज्यादातर लोग पूछताछ करेंगे और फिर नजरअंदाज कर देंगे लेकिन बेंगलुरु के एक टेक प्रोफेशनल ने किचन में 'AI रूममेट' इंस्टॉल कर दिया. कुछ ही दिनों में कैमरे ने ऐसी तस्वीर दिखाई कि उसे यकीन ही नहीं हुआ.

AI ने ऐसे पकड़ी रेड हैंडेड चोरी
बेंगलुरु के टेक एक्सपर्ट पंकज तन्वर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि उन्हें शक था कि उनकी कुक फ्रिज से फल निकाल रही है. इसके बाद उन्होंने किचन में एक AI बेस्ड सर्विलांस सिस्टम लगा दिया. AI मॉनिटर ने कम से कम तीन अलग-अलग मौकों पर कुक को सेब, ब्लूबेरी और केला लेते हुए रिकॉर्ड किया. 

उन्होंने लिखा, 'मेरी कुक फ्रिज से फल ले रही थी, तो मैंने किचन में अपना AI रूममेट लगा दिया. इस हफ्ते दो बार पकड़ी गई. मैंने उसे हटा दिया.'

सिर्फ फल नहीं, हाथ धोने तक पर नजर
यह AI सिस्टम सिर्फ वीडियो रिकॉर्ड नहीं करता, बल्कि एक्टिविटी पर भी नजर रखता है. तन्वर ने चैटबॉट के साथ अपनी बातचीत का स्क्रीनशॉट शेयर किया, जिसमें AI ने बताया कि कुक कब आई, कितनी बार फ्रिज खोला और क्या-क्या लिया.

 

AI ने यह भी बताया कि उसने किचन में काम करते समय डस्टबिन का ढक्कन छुआ, नाक खुजाई और उसी हाथ से चपाती बेलना शुरू कर दिया. यहां तक कि किचन स्लैब की सफाई और गैस के पीछे की जगह कब साफ हुई, इसका भी रिकॉर्ड रखा गया.

हफ्ते भर की रिपोर्ट ने बढ़ाया शक फिर...
तन्वर ने AI से साप्ताहिक रिपोर्ट मांगी तो उसमें लिखा था कि कुक ने इस हफ्ते चार बार खाना शुरू करने से पहले फ्रिज खोला.

कैसे काम करता है AI रूममेट?
तन्वर के मुताबिक, यह सिस्टम CCTV कैमरे के जरिए कमरे की लगातार निगरानी करता है. गोपनीयता बनाए रखने के लिए चेहरे लोकली डिटेक्ट कर ब्लर कर दिए जाते हैं. इसके बाद वीडियो को एक विजन AI मॉडल प्रोसेस करता है, जो एक्टिविटी को समझकर भाषा मॉडल को भेजता है. फिर चैटबॉट की तरह जवाब मिलता है.

सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
इस मामले ने सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी है. कुछ लोगों ने इसे टेक्नोलॉजी का स्मार्ट इस्तेमाल बताया, तो कई यूजर्स ने घरेलू मदद पर इस तरह की निगरानी को गलत ठहराया. कुछ ने सवाल उठाया कि 4,800 रुपए महीने लेने वाली कुक पर इतनी कड़ी नजर रखना क्या सही है?

 

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