इंदौर के लसूड़िया थाना क्षेत्र में खुद को IAS अधिकारी और जिला कलेक्टर बताकर लोगों पर रौब झाड़ने वाले एक युवक को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. आरोपी ने होटल में खाना खाने के बाद खुद को कलेक्टर बताया और बिल भुगतान की बारी आने पर अपनी पहचान का हवाला देते हुए होटल प्रबंधन पर प्रभाव जमाने की कोशिश की.
होटल प्रबंधन ने दी पुलिस को सूचना
शक होने पर होटल प्रबंधन ने पुलिस को सूचना दी. इसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ. पुलिस ने आरोपी के घर से IAS और कलेक्टर पद से जुड़ी फर्जी नेम प्लेट और अन्य भ्रामक सामग्री भी बरामद की है. दरअसल, लसूड़िया थाना क्षेत्र के एक होटल में आरोपी अपने कुछ साथियों के साथ खाना खाने पहुंचा था. खाना खाने के बाद जब बिल भुगतान की बारी आई तो आरोपी ने खुद को कलेक्टर बताते हुए बिल न चुकाने की बात कही. उसके व्यवहार और पहचान को लेकर होटल प्रबंधन को संदेह हुआ और पुलिस को सूचना दी गई.
फर्जी सामग्री कर रखी थी तैयार
पुलिस ने जब आरोपी की जानकारी का सत्यापन किया तो उसकी पहचान मंजू पंचाल, निवासी अहमदाबाद, गुजरात के रूप में सामने आई. जांच के दौरान पुलिस को उसके मकान से IAS और कलेक्टर पद से संबंधित फर्जी नेम प्लेट और अन्य सामग्री मिली. बताया जा रहा है कि आरोपी ने अपनी पहचान को प्रभावशाली दिखाने के लिए फर्जी सामग्री तैयार कर रखी थी.
गुजरात में कई मामले हैं दर्ज
डीसीपी अमन राठौर के मुताबिक, आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 204 के तहत मामला दर्ज किया गया है. इस धारा में खुद को लोक सेवक बताकर लोगों को गुमराह करने का प्रावधान है. पुलिस आरोपी को गिरफ्तार कर पूछताछ कर रही है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि उसने इस फर्जी पहचान का इस्तेमाल कहीं अन्य लोगों को प्रभावित करने या किसी तरह का लाभ लेने के लिए तो नहीं किया. आरोपी पर गुजरात में कई मामले दर्ज हैं.