काली मिर्च ऐसा मसाला जो रसोई में काफी इस्तेमाल होता है. इसकी खुशबू और स्वाद खाने को एक अलग ही स्वाद देता है. अगर आप चाहें तो अपने घर में भी इस मसाले का पौधा लगा सकते हैं, जिससे आपको इसे बाहर से खरीदने की जरूरत नहीं होगी. इसके पौधे के लिए आपको ज्यादा जगह की जरूरत भी नहीं पड़ेगी, केवल थड़ी सी जगह में ही आप इसका पौधा लगा सकते हैं. बस ध्यान रखा है तो सही मिट्टी, पानी, रोशनी और सहारे की मदद से घर पर इसकी बेल का.
काली मिर्च का पौधा बेल के सहारे बढ़ता है. इसलिए इसे लगाने के लिए मीडियम से बड़ा और गहरा गमला लेना सही रहता है. साथ ही गमले के नीचे पानी निकलने के लिए छेद जरूर होना चाहिए. अगर पानी गमले में जमा रहेगा तो पौधे की जड़ों को नुकसान हो सकता है.
इसके पौधे के लिए ऐसी मिट्टी लें जो नरम और उपजाऊ हो. इसमें आम मिट्टी के साथ रेत और वर्मी कंपोस्ट या अच्छी जैविक खाद मिला सकते हैं. साथ ही मिट्टी में पानी रुकना नहीं चाहिए. अच्छी ड्रेनज वाली मिट्टी काली मिर्च के पौधे की अच्छी बढ़त में मदद करती है.
काली मिर्च को बीज या कटिंग दोनों से लगाया जा सकता है. बीज को लगाने से पहले कुछ घंटे पानी में भिगोना मददगार साबित हो सकता है. इसके बाद बीज को मिट्टी में हल्की गहराई पर लगाएं और ऊपर से मिट्टी की पतली परत डालें. लेकिन शुरुआत में हल्का पानी दें.
काली मिर्च के पौधे को बहुत तेज सीधी धूप पसंद नहीं होती. गमले को ऐसी जगह रखें जहां हल्की धूप या छनी हुई रोशनी मिलती रहे. साथ ही मिट्टी को नम रखें, लेकिन जरूरत से ज्यादा पानी न दें. मौसम के अनुसार पानी को कम या ज्यादा किया जा सकता है.
काली मिर्च बेल वाला पौधा है. इसलिए इसके पास लकड़ी, बांस या कोई मजबूत डंडा लगाएं. बेल को धीरे-धीरे इस सहारे पर चढ़ाते रहें. साथ ही समय-समय पर सूखी पत्तियां और खराब हिस्से हटा दें. पौधे में जैविक खाद डालने से भी उसकी बढ़त अच्छी रखने में मदद मिलती है.
पौधे की अच्छी देखभाल के साथ समय आने पर इसमें फूल और फिर दाने आ सकते हैं. काली मिर्च के दानों को सही समय पर तोड़कर सुखाने के बाद काली मिर्च तैयार की जाती है. हालांकि फल आने में पौधे की उम्र, मौसम और देखभाल के अनुसार काफी समय लग सकता है.