Advertisement

Janmashtami Puja Thali: जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल की पूजा की थाली में क्या-क्या रखें? यहां देखें पूरी लिस्ट

Happy Janmashtami: जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल की पूजा के लिए थाली में कौन-कौन सी सामग्री रखें? यहां जानें श्रृंगार, अभिषेक, पूजा, आरती और भोग से जुड़ी जरूरी सामग्री की पूरी लिस्ट.

Krishna Janmashtami 2026
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 04 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 9:43 AM IST

जन्माष्टमी के दिन भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप लड्डू गोपाल की पूजा विशेष श्रद्धा और विधि-विधान से की जाती है. आधी रात को भगवान के जन्म के बाद उनका अभिषेक, श्रृंगार और आरती की जाती है. ऐसे में पूजा से पहले थाली में जरूरी सामग्री तैयार रखना बेहद जरूरी है. अगर आप भी जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल की पूजा करने जा रहे हैं, तो यहां देखिए पूजा की थाली में किन चीजों को शामिल करना चाहिए.

लड्डू गोपाल के श्रृंगार की सामग्री
जन्माष्टमी की पूजा थाली में सबसे पहले लड्डू गोपाल की मूर्ति और उनके श्रृंगार का सामान रखें. इसमें नए वस्त्र, मुकुट, बांसुरी और मोरपंख शामिल किए जा सकते हैं. इसके अलावा चंदन या गोपी चंदन, अक्षत और फूल भी रखें. भगवान के श्रृंगार के बाद उन्हें सुंदर तरीके से सजाया जाता है. पूजा के दौरान शंख और छोटी घंटी का भी इस्तेमाल किया जाता है, इसलिए इन्हें भी पहले से तैयार रखना अच्छा रहता है.

अभिषेक के लिए पंचामृत समेत ये चीजें रखें
जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल के अभिषेक की विशेष परंपरा है. इसके लिए पंचामृत तैयार किया जाता है. पंचामृत बनाने के लिए दूध, दही, घी, शहद और शक्कर की जरूरत होती है. इसके साथ शुद्ध जल और गंगाजल भी रखें. अभिषेक के बाद भगवान को साफ कपड़े से पोंछने के लिए एक नया या साफ सूती कपड़ा जरूर रखें. अभिषेक की सामग्री को एक अलग साफ पात्र में रखना सुविधाजनक रहता है.

पूजा और आरती की सामग्री न भूलें
पूजा थाली में दीपक, देसी घी, रुई की बत्ती, धूप या अगरबत्ती भी रखें. भगवान को अर्पित करने के लिए ताजे फूल और तुलसी दल जरूर रखें. कृष्ण पूजा में तुलसी का विशेष महत्व माना जाता है. इसके अलावा रोली, कुमकुम, अक्षत और पूजा के लिए जल भी रखा जा सकता है. आरती के लिए कपूर और आरती की थाली भी तैयार रखें.

भोग के लिए रखें ये चीजें
लड्डू गोपाल को भोग लगाने के लिए माखन-मिश्री, फल, मिठाई और अन्य सात्विक प्रसाद रखा जा सकता है. जन्माष्टमी पर धनिया पंजीरी भी कई घरों में प्रसाद के रूप में बनाई जाती है. भोग की सभी चीजें साफ बर्तनों में रखें और भगवान को अर्पित करने के बाद ही प्रसाद के रूप में ग्रहण करें.

ये भी पढ़ें: 

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Advertisement