सावन में हरिद्वार से गंगाजल लेकर लौट रहे शिवभक्तों की कांवड़ यात्रा हर साल अलग-अलग वजहों से चर्चा में रहती है. इस बार उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से आई एक कांवड़ लोगों का ध्यान खींच रही है. इस कांवड़ पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की बड़ी-बड़ी तस्वीरें लगी हैं. कांवड़ लेकर चल रहे श्रद्धालुओं का कहना है कि वे दोनों नेताओं को भगवान का दर्जा देते हैं और उनकी जीत की कामना करते हुए हरिद्वार से गंगाजल लेकर लौट रहे हैं. मंगलवार रात जब यह टोली मुजफ्फरनगर पहुंची तो सड़क पर मौजूद लोगों की नजर इस अनोखी कांवड़ पर टिक गई. देखते ही देखते इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगा.
1 अगस्त को हरिद्वार से शुरू की यात्रा
कांवड़ लेकर चल रहे श्रद्धालुओं ने बताया कि उन्होंने 1 अगस्त को हरिद्वार की हर की पौड़ी से गंगाजल भरा और वहां से बुलंदशहर के लिए पैदल यात्रा शुरू की. टोली में पांच से छह शिवभक्त शामिल हैं. श्रद्धालुओं का कहना है कि उन्होंने गंगा मैया और भगवान शिव से प्रार्थना की है कि 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में योगी आदित्यनाथ तीसरी बार मुख्यमंत्री बनें और 2029 के लोकसभा चुनाव में नरेंद्र मोदी फिर से प्रधानमंत्री बनकर देश की कमान संभालें.
कांवड़ पर लगे हैं मोदी और योगी के पोस्टर
इस कांवड़ की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें भगवान शिव की तस्वीरों के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बड़े-बड़े फोटो भी लगाए गए हैं. टोली के सदस्य नीरज का कहना है कि वे पीएम मोदी और योगी को भगवान की तरह मानते हैं. इसी वजह से उनके नाम की कांवड़ लेकर यात्रा कर रहे हैं. उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2025 में भी वे इसी तरह की कांवड़ लेकर आए थे.
गौ माता को राष्ट्रमाता बनाने की रखी मांग
कांवड़ यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं की एक प्रमुख मांग भी है. उनका कहना है कि सरकार गौ माता को राष्ट्रमाता का दर्जा दे. नीरज के मुताबिक, वे पिछली बार भी इसी मांग के साथ कांवड़ लेकर आए थे और इस बार भी गंगा मैया और भगवान शिव से यही प्रार्थना की है कि उनकी यह मांग पूरी हो. उनका कहना है कि सरकार ने कई अच्छे काम किए हैं और अब गौ माता को राष्ट्रमाता का सम्मान भी मिलना चाहिए.
मुस्लिम शिवभक्त भी बना यात्रा का हिस्सा
इस टोली की एक और बात चर्चा में है. यात्रा में समीर नाम का एक मुस्लिम युवक भी शामिल है, जो दिल्ली का रहने वाला है. समीर ने बताया कि वह श्रद्धा के साथ पहली बार कांवड़ यात्रा कर रहा है. समीर के मुताबिक, उसके ताऊ हिंदू हैं और उन्हीं की प्रेरणा से वह इस यात्रा में शामिल हुआ. उसने कहा कि वह दोनों धर्मों का सम्मान करता है और भगवान शिव से गौ माता को राष्ट्रमाता का दर्जा मिलने की प्रार्थना कर रहा है.
उत्तराखंड पुलिस को लेकर भी जताई नाराजगी
यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं ने उत्तराखंड पुलिस की व्यवस्था को लेकर भी नाराजगी जाहिर की. उनका आरोप है कि कुछ जगहों पर कांवड़ियों के साथ सख्ती की गई. उन्होंने प्रशासन से कांवड़ यात्रियों के साथ बेहतर व्यवहार करने की अपील की.
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