पान का पत्ता एक विशेष लता का पत्ता है. यह शौक के लिए और औषधि के रूप में प्रयोग किया जाता है. यह पाचन तंत्र को अच्छा और शरीर को विषमुक्त करता है. पंडित शैलेंद्र पांडेय ने बताया कि पान के पत्ता को भारतवर्ष में प्राचीनकाल से काफी पवित्र माना जाता है. इसका उल्लेख वेदों में भी किया गया है. लगभग हर तरह के पूजा अनुष्ठान में इसका प्रयोग होता है. इसको शुभ कार्य की शुरुआत के लिए भी प्रयोग करते हैं. देवी दुर्गा की उपासना में पान के पत्ते से विशेष मनोकामनाएं पूरी की जा सकती हैं. मां दुर्गा को पान का पत्ता बहुत प्रिय है. ऐसे में पान के पत्ते से कुछ टोटके कर लें तो सारी समस्या समाप्त हो जाएगी.
पान के विशेष प्रयोग के लिए किन बातों का ध्यान रखें?
शीघ्र विवाह के लिए पान के पत्ते का प्रयोग
एक पान का पत्ता ले लें. सिन्दूर को घी में मिलाकर पेस्ट बना लें. पान के पत्ते पर चिकनी तरह इस पेस्ट से अपना नाम लिखें. इसको चिकनी तरफ से ही देवी को अर्पित करें. ये प्रयोग नवरात्रि में लगातार तीन दिन करें.
रोजगार की व्यवस्था के लिए पान के पत्ते का प्रयोग
पान के पत्ते ले लें. इनको लाल धागे में बांधकर माला बना लें. इसको नवरात्रि में किसी भी रात्रि को देवी को अर्पित कर दें. इसके बाद शीघ्र रोजगार प्राप्ति की प्रार्थना करें. रोजगार की व्यवस्था हो जाने पर इस माला को जल में प्रवाहित कर दें.
धन लाभ के लिए पान के पत्ते का प्रयोग
नवरात्रि में रोज शाम को मां लक्ष्मी की कपूर से आरती करें. इसके बाद पान के पत्ते पर गुलाब की पंखुड़ियां रखकर उन्हें अर्पित करें. नवरात्रि के बाद ये प्रयोग हर पूर्णिमा की रात्रि को करते रहें.
विजय प्राप्ति के लिए पान के पत्ते का प्रयोग
शुद्ध घी का एक मुखी दीपक जलाएं. एक पान के पत्ते को घी के दीपक के सामने रखें. इसके बाद पत्ते पर आई हुई कालिमा को अपने कंठ पर लगा लें. मुकदमे, प्रतियोगिता, परीक्षा में सफलता मिलेगी.