बागेश्वर धाम सरकार धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने राजस्थान के सांचोर में हनुमान जी की महिमा का वर्णन किया. उन्होंने गुजरात के कच्छ बॉर्डर पर स्थित 'भेड़िया बेट हनुमान' मंदिर का प्रसंग सुनाते हुए बताया कि कैसे युद्ध के दौरान हनुमान जी की मूर्ति को पाकिस्तान से ससम्मान भारत लाया गया था. शास्त्री जी ने चित्रकूट की एक घटना का भी जिक्र किया जहाँ एक बंदर ने डूबते बच्चे की जान बचाई. उन्होंने भक्तों को सीख दी कि हनुमान जी की कृपा पाने के लिए 'प्रचार से पहले विचार' करना आवश्यक है. उन्होंने स्पष्ट किया कि हनुमान जी उन्हीं के कार्य सिद्ध करते हैं जो मर्यादा पुरुषोत्तम राम के मार्ग पर चलते हैं और आडंबर के बजाय सच्चे प्रेम से भक्ति करते हैं.