कथा प्रवचन के दौरान संयुक्त अरब अमीरात के शहर दुबई और बुर्ज खलीफा की सुरक्षा प्रणाली का उल्लेख किया गया। वहां की सुरक्षा व्यवस्था और ईमानदारी का उदाहरण देते हुए बताया गया कि वहां सामान सुरक्षित रहता है। इसके साथ ही ईश्वर और गुरु की शरणागति के तीन प्रमुख लाभ समझाए गए। हनुमान जी महाराज की कृपा और रक्षा का वर्णन करते हुए धार्मिक ग्रंथों की चौपाइयों का संदर्भ दिया गया। जीवन की तुलना एक रेलगाड़ी से की गई, जिसमें सुख-दुख की पटरी, सांसों के तेल और अच्छे कर्मों के टिकट का महत्व रेखांकित किया गया। यह भी संदेश दिया गया कि यमराज के समक्ष अच्छे कर्म ही काम आते हैं। इसके अलावा जीवन में तीन चीजों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई, जिनमें कुंडली में शनि, दिमाग में धन और मूर्ख व्यक्ति से दुश्मनी शामिल हैं। सही दृष्टि के साथ जीवन जीने की प्रेरणा दी गई।