Advertisement

Sunita Williams Spacewalk: सुनीता विलियम्स एक बार फिर करेंगी स्पेसवॉक, जानें क्या होती है ये

अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स 23 जनवरी, 2025 को अंतरिक्ष यात्री बुच विल्मोर के साथ अपनी नौवीं स्पेसवॉक करेंगी. ये स्पेसवॉक भारतीय समयानुसार शाम को 5:30 पर होने वाली है.

Sunita williams (Photo/NASA)
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 23 जनवरी 2025,
  • अपडेटेड 3:25 PM IST
  • 23 जनवरी को करेंगी 9वीं स्पेसवॉक
  • स्पेसवॉक को EVA भी कहा जाता है

अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स ने एक बार फिर से बुच विल्मोर के साथ स्पेस वॉक करने वाली हैं. इससे पहले सुनीता विलियम्स और निक हेग ने 16 जनवरी 2025 को स्पेसवॉक की थी. NASA ने सुनीता विलियम्स और निक हेग की स्पेसवॉक की लाइव फुटेज भी शेयर की थी. अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी NASA ने बताया था कि ये विलियम्‍स की 12 सालों में पहली और उनके करियर की आठवीं स्‍पेसवॉक था. वहीं  23 जनवरी 2025 को सुनीता विलियम्स ने नौवीं बार स्पेस वॉक करने जा रही हैं. 

कौन हैं सुनीता विलियम्स
बता दें, सुनीता विलियम्स भारतीय मूल की अमेरिकी एस्ट्रोनॉट हैं. उन्होंने अब तक सबसे ज्यादा स्पेसवॉक की है. इतना ही नहीं सुनीता विलियम्स ने बतौर महिला सबसे अधिक स्पेसवॉक टाइम का रिकॉर्ड बनाया है. सुनीता 50 घंटे और 40 मिनट की स्पेस वॉक कर चुकी हैं. 6 जून 2024 को सुनीता बोइंग स्टारलाइनर की पहली क्रू मिशन 'बोइंग क्रूड फ्लाइट टेस्ट' पर इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन पर गईं थीं. 2012 में, उन्होंने मिशन 32 में एक फ्लाइट इंजीनियर के रूप में और फिर मिशन 33 की कमांडर के रूप में  स्पेस स्टेशन में काम किया था. वहीं 12 साल बाद सुनीता विलियम्स ने 16 जनवरी को अपनी आठवीं स्‍पेसवॉक की थी. 

23 जनवरी को करेंगी 9वीं स्पेसवॉक
Space Universe ने अपने एक्स अकाउंट पर पोस्ट कर जानकारी शेयर की है. इसके मुताबिक अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स 23 जनवरी, 2025 को अंतरिक्ष यात्री बुच विल्मोर के साथ अपनी नौवीं स्पेसवॉक करेंगी. ये स्पेसवॉक भारतीय समयानुसार शाम को 5:30 पर होने वाली है. ये स्पेसवॉक लगभग छह घंटे तक चलने की उम्मीद है. जिसमें विलियम्स का मिशन स्टेशन के ट्रस से रेडियो फ़्रीक्वेंसी से एंटीना असेंबली को अलग करना, आईएसएस के बाहरी एरिया को सही करना और रोबोटिक आर्म को ठीक करना है. 

स्पेसवॉक क्या है?
आपको बता दें, जब कोई अंतरिक्ष यात्री अंतरिक्ष में किसी स्पेसक्राफ्ट से बाहर निकलता है, तो उसे स्पेसवॉक कहा जाता है. हालांकि कई बार स्पेस में भेजे जाने वाले क्राफ्ट्स को बिना इंसान के ही अंतरिक्ष में भेजा जाता है. ऐसा अधिक खर्च और खतरों से बचने के लिए किया जाता है. लेकिन जिन मिशन में एस्ट्रोनॉट्स को भेजा जाता है, उनमें एस्ट्रोनॉट्स ज्यादातर समय क्राफ्ट के अंदर ही रहते हैं. लेकिन कई बार कुछ जरूरी काम या किसी खराबी के कारण एस्ट्रोनॉट्स को क्राफ्ट या स्पेस स्टेशन से बाहर जाना पड़ता है. तब वे क्राफ्ट से बाहर स्पेस में होते हैं. जिसे स्पेस वॉक कहा जाता है.

स्पेसवॉक को EVA भी कहा जाता है. जिसका मतलब है एक्स्ट्राव्हीक्यूलर एक्टिविटी. बता दें, स्पेसवॉक कुछ मिनटों से लेकर कई घंटों तक की हो सकती है. अब तक की सबसे लंबी स्पेस वॉक 12 मार्च 2001 को जेम्स वॉस और सुजैन हेल्मस ने की थी, जो कि  8 घंटे और 56 मिनट की थी. वहीं सुनीता विलियम्स ने बतौर महिला अब तक सबसे अधिक स्पेसवॉक टाइम का रिकॉर्ड बनाया है. साथ ही सबसे अधिक स्पेसवॉक करने का विश्व रिकॉर्ड रूसी अंतरिक्ष यात्री अनातोली सोलोविएव के नाम है. अनातोली सोलोविएव 16 स्पेस वॉक कर चुके हैं. ये स्पेसवॉक 82 घंटे से अधिक के बराबर है.

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Advertisement