वृंदावन के प्रसिद्ध रंगनाथ मंदिर में 10 दिवसीय ब्रह्मोत्सव का आयोजन हो रहा है जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। इस ब्रह्मोत्सव को उत्तर भारत में रथ का मेला के नाम से जाना जाता है। भगवान रंगनाथ अपने अलग-अलग वाहनों पर सवार होकर भक्तों को दर्शन देने के लिए मंदिर से बाहर आते हैं। 7 मार्च को शुरू हुए इस उत्सव में 12 मार्च को भगवान कांच के विमान में विराजमान होकर भक्तों के साथ होली खेलेंगे। 13 मार्च को चंदन से बना विशालकाय रथ निकलेगा और 16 मार्च को समापन होगा। इस बीच जयपुर में 30 साल बाद आमेर किले के सामने मावठा सरोवर में बोटिंग सेवा शुरू हुई है। पर्यटन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि इससे जयपुर के पर्यटन को नई रफ्तार मिलेगी। मौसम विभाग ने मार्च में अलग-अलग क्षेत्रों में मौसम के अजब-गजब मिजाज की जानकारी दी है।