उत्तराखंड में चारधाम यात्रा पूरे उत्साह के साथ चल रही है। इस बीच एक प्रसिद्ध कथावाचक सनातन धर्म के उत्थान के लिए बद्रीनाथ धाम में 21 दिनों की एकांत साधना कर रहे हैं। इस दौरान वे किसी से मुलाकात नहीं करेंगे और ना ही मोबाइल फोन का इस्तेमाल करेंगे। साधना पूरी होने के बाद वे हनुमान कथा का वाचन करेंगे। दूसरी तरफ, खराब मौसम और कड़ाके की ठंड के बावजूद तीर्थयात्रियों का जोश कम नहीं हो रहा है। राजस्थान से 13 बुजुर्ग तीर्थयात्रियों का एक जत्था करीब नौ सौ किलोमीटर की पैदल यात्रा कर दर्शन के लिए पहुंचा है। इसके अलावा, आगामी यात्राओं के लिए भी तैयारियां जोरों पर हैं। भारी बर्फबारी के बीच सेना के जवान हेमकुंड साहिब के रास्ते से बर्फ हटाकर सीढ़ीदार मार्ग तैयार कर रहे हैं, ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम दर्शन मिल सकें। रुद्रनाथ धाम के कपाट खुलने से पहले भी रास्तों को दुरुस्त किया जा रहा है।