गुड न्यूज़ टुडे के खास कार्यक्रम 'किस्मत कनेक्शन' में पंडित शैलेन्द्र पांडेय ने सीता नवमी के महत्व और पूजा विधान के बारे में जानकारी दी है। वैशाख शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को माता सीता धरती से प्रकट हुई थीं। मान्यता है कि माता सीता की उपासना से अखंड सौभाग्य और योग्य वर की प्राप्ति होती है। पूजा के लिए प्रातः काल स्नान के बाद भगवान राम और माता सीता की एक साथ स्थापना करनी चाहिए। इसके साथ ही घी का दीपक जलाकर 'ॐ राम रामाय नमः' और 'ॐ जानकी वल्लभाय नमः' मंत्रों का जप करना चाहिए। कार्यक्रम में यह भी स्पष्ट किया गया कि भगवान राम और माता सीता के जीवन के कष्ट उनकी लीला थे, इसलिए उनकी पूजा से वैवाहिक जीवन में कोई परेशानी नहीं आती है। इसके अलावा 25 अप्रैल 2026 के लिए सभी 12 राशियों का दैनिक राशिफल, यश प्राप्ति के लिए सूर्य को गुलाब की पंखुड़ियां डालकर जल चढ़ाने का लकी टिप और सफलता के लिए हनुमान चालीसा के पाठ का मंत्र भी साझा किया गया है।