Karwa Chauth 2026: देशभर में करवा चौथ का पर्व पारंपरिक विधि-विधान के साथ मनाया गया. सुहागिन महिलाओं ने पति की लंबी आयु, उत्तम स्वास्थ्य और सुखी दांपत्य जीवन के लिए निर्जला उपवास रखा. ज्योतिषीय दृष्टि से इस अवसर पर मालव्य, बुधादित्य और शुक्रादित्य जैसे राजयोग तथा रोहिणी नक्षत्र का संयोग बना. शाम 05:38 से 06:56 बजे तक पूजा का शुभ मुहूर्त निर्धारित रहा, जिसमें महिलाओं ने उत्तर-पूर्व दिशा की ओर मुख कर करवा माता की कथा सुनी. पूजा की थाली में चौमुखी आटे का दीपक, जल का लोटा, मीठी मठरी और सोलह श्रृंगार की सामग्री शामिल की गई. रात में छलनी से चंद्र दर्शन और अर्घ्य देने के बाद पति के हाथों जल ग्रहण कर व्रत खोला गया. राजस्थान के फतेहपुर शेखावाटी स्थित लक्ष्मीनारनाथ मंदिर में सामूहिक कथा आयोजित हुई, जबकि दिल्ली, चंडीगढ़, जम्मू और प्रयागराज के बाजारों में मेहंदी और पूजा सामग्री की व्यापक खरीदारी दर्ज की गई.