ज्योतिष के जानकारों के अनुसार, सूर्य देव शिक्षा और ज्ञान के स्वाभाविक स्वामी हैं। कुंडली में सूर्य के कमजोर होने से शिक्षा प्राप्त करने में कई समस्याएं आती हैं। शिक्षा और करियर में सफलता पाने के लिए सूर्य की उपासना बेहद कारगर मानी गई है। विद्यार्थियों को ब्रह्म मुहूर्त में उठकर सूर्य देव को अर्घ्य देना चाहिए और सूर्य नमस्कार करना चाहिए। इसके साथ ही सूर्य के बीज मंत्रों और इक्कीस नामों का जाप करने से स्मरण शक्ति में सुधार होता है। रविवार के दिन आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करने से व्यक्ति के अंदर नई ऊर्जा का संचार होता है। यह स्तोत्र मुकदमों में विजय, उत्तम स्वास्थ्य और शत्रुओं पर जीत दिलाने में भी लाभकारी है। जो लोग प्रशासनिक सेवाओं की तैयारी कर रहे हैं, उन्हें शीघ्र सफलता के लिए सूर्य देव की नियमित उपासना और आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करना चाहिए।