उज्जैन के विश्व प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर में शिव नवरात्रि का महापर्व अत्यंत श्रद्धा और उल्लास के साथ शुरू हो गया है. इस विशेष अवसर पर मंदिर के पुजारी ने बताया कि 'भगवान महाकाल के दरबार में शिव नवरात्रि महोत्सव फाल्गुन मास की कृष्ण पक्ष की पंचमी से प्रारंभ हो गया है.' नौ दिनों तक चलने वाले इस उत्सव के पहले दिन बाबा महाकाल का विशेष शृंगार किया गया, जिसमें उन्हें भस्म के स्थान पर हल्दी और चंदन का लेप लगाकर दूल्हे के रूप में सजाया गया. परंपरा के अनुसार, नैवेद्य कक्ष में श्री चंद्रमौलेश्वर भगवान की पूजा और 11 ब्राह्मणों द्वारा एकादश रुद्राभिषेक के साथ अनुष्ठान की शुरुआत हुई. 15 फरवरी को महाशिवरात्रि के दिन बाबा महाकाल का भव्य विवाह उत्सव संपन्न होगा. इस दौरान महाकाल के नौ अलग-अलग स्वरूपों के दर्शन होंगे, जिनमें शेषनाग, घटाटोप और शिव तांडव रूप मुख्य आकर्षण रहेंगे.