गणेश उत्सव के दूसरे दिन देश भर के विभिन्न पंडालों और घरों में बप्पा के पूजन की धूम देखी जा रही है। मुंबई के साकीनाका में भगवान खंडोबा स्वरूप में सजे विशालकाय गणपति और अकोला के विभिन्न मंडलों में दर्शन के लिए भक्तों का तांता लगा हुआ है। पंडित अरविंद शुक्ला के अनुसार समयाभाव की स्थिति में भक्त पंचोपचार विधि से संक्षिप्त पूजा कर सकते हैं और 'ॐ गं गणपतये नमः' मंत्र के साथ पूजन सामग्री अर्पित कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि भगवान गणेश को मोदक और दूर्वा विशेष रूप से प्रिय हैं, जबकि पूजा में तुलसी पत्र अर्पित करने की मनाही होती है। पूजा विधान के तहत आरती करते समय दीपक को चार बार चरणों में, दो बार नाभि क्षेत्र में और एक बार मुखमंडल पर घुमाने का नियम है, जिसका चौदह बार का क्रम चौदह भुवनों से जुड़ा है। इसके अलावा दिल्ली के पीतमपुरा में लालबाग के राजा की तर्ज पर सजे पंडाल का उद्घाटन रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने किया, जबकि मनोरंजन जगत के सितारों और अंबानी परिवार ने भी पूरे विधि-विधान से गणपति बप्पा का स्वागत किया।