ओडिशा के पुरी में भगवान जगन्नाथ की विश्व प्रसिद्ध रथयात्रा की तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं। 14 दिन के अनासर काल के बाद भगवान के नवयौवन दर्शन (नेत्र उत्सव) की रस्म निभाई जाएगी, जिसमें महाप्रभु जगन्नाथ, बलभद्र और देवी सुभद्रा का शृंगार होगा। रथयात्रा के लिए देश-दुनिया से श्रद्धालु पुरी पहुंच रहे हैं और सुरक्षा के लिए समंदर किनारे लाइफगार्ड्स ने रेस्क्यू मॉकड्रिल भी की है। इसके अलावा, अमरनाथ यात्रा में अब तक 2 लाख से ज्यादा श्रद्धालु बाबा बर्फानी के दर्शन कर चुके हैं। यात्रियों की सुविधा के लिए लद्दाख के मीरा मरग से एक नया और तीसरा रूट खोलने पर विचार किया जा रहा है, जो महज 6 किलोमीटर का होगा। वहीं, राजस्थान के मेवाड़ स्थित प्रसिद्ध श्री सांवलिया जी मंदिर में दानपात्र से पहले ही दिन 10 करोड़ रुपये से ज्यादा की नकदी मिली है। इसके साथ ही भौमवती अमावस्या के अवसर पर प्रयागराज के त्रिवेणी संगम पर श्रद्धालुओं ने आस्था की डुबकी लगाई।