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IRCTC E-Pantry Service: आईआरसीटीसी ने शुरू की नई सेवा, जानें मुसाफिरों को क्या मिलेगी सुविधाएं

आईआरसीटीसी (IRCTC) ने यात्रियों की सुविधा के लिए ई-पैंट्री सेवा शुरू की है. रेलवे का मानना है कि इस सर्विस से उन ट्रेनों में मुसाफिरों को फायदा होगा, जहां टिकट किराए में भोजन शामिल नहीं होता है. इस सर्विस को अभी 25 मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों में लागू किया गया है. आईआरसीटीसी मुसाफिरों के फीडबैक के आधार पर इसे दूसरे ट्रेनों में भी लागू कर सकती है.

IRCTC E-Pantry Service
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 09 फरवरी 2026,
  • अपडेटेड 8:43 PM IST

आईआरसीटीसी (IRCTC) ने यात्रियों की सुविधा के लिए ई-पैंट्री सेवा शुरू की है. इसके तहत 25 मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों को ऑनलाइन भोजन बुक करने की सुविधा मिलेगी. रेलवे का ये कदम भारतीय रेलवे नेटवर्क में डिजिटल ऑनबोर्ड कैटरिंग को बढ़ावा देने की दिशा में अहम माना जा रहा है. रेलवे का मानना है कि इस सर्विस से उन ट्रेनों में मुसाफिरों को फायदा होगा, जहां टिकट किराए में भोजन शामिल नहीं होता है. इस सर्विस के तहत मुसाफिर पहले डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए भोजन बुक कर सकते हैं और सफर के दौरान ये भोज मुसाफिर की सीट तक पहुंचाया जाएगा. अधिकारियों का कहना है कि ई-पैंट्री सुविधा यात्री सेवाओं को आधुनिक बनाने की बड़ी योजना का एक हिस्सा है.

कैसे काम करेगी ई-पैंट्री सेवा?
ई-पैंट्री सिस्टम को IRCTC के टिकटिंग प्लेटफॉर्म से जोड़ा गया है. कन्फर्म, RAC या आंशिक रूप से कन्फर्म टिकट वाले यात्री टिकट बुकिंग के दौरान या बाद में Booked Ticket History सेक्शन से स्टैंडर्ड मील और रेल नीर ऑर्डर कर सकते हैं. ऑर्डर करने के बाद यात्रियों को SMS या ई-मेल के जरिए एक मील वेरिफिकेशन कोड (MVC) मिलेगा. यात्रा के दिन यह कोड वेंडर को दिखाने पर भोजन सीट पर डिलीवर किया जाएगा,

इस सर्विस में क्या हैं सुविधाएं?
नई सर्विस में कई डिजिटल और पैसेंजर-सेंट्रिक फीचर्स शामिल किए गए हैं. इसमें ऑनलाइन भोजन बुकिंग, कैशलेस भुगतान, MVC के जरिए वेरिफाइड डिलीवरी और ऑर्डर ट्रैकिंग जैसी व्यवस्थाएं शामिल हैं. अगर तय समय पर भोजन डिलीवर नहीं होता है तो यात्रियों को रिफंड का विकल्प भी दिया गया है, जिसकी जानकारी SMS, ई-मेल या व्हाट्सऐप के जरिए दी जाएगी.

किन ट्रेनों में है ये सुविधा-
ई-पैंट्री सेवा की शुरुआती ट्रायल भारत की सबसे लंबी दूरी तय करने वाली ट्रेनों में से एक विवेक एक्सप्रेस पर किया गया था. यह ट्रायल ट्रेन संख्या 22503/04 पर किया गया था. सफल टेस्ट के बाद अब इसे 25 मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों तक बढ़ा दिया गया है. इसमें स्वातंत्र सेनानी एक्सप्रेस, स्वर्णजयंती एक्सप्रेस, कर्नाटक संपर्क क्रांति एक्सप्रेस, मंगलाद्वीप एक्सप्रेस, कालिंगा उत्कल एक्सप्रेस, पुष्पक एक्सप्रेस, पश्चिम एक्सप्रेस, नेत्रावती एक्सप्रेस, ग्रैंड ट्रंक एक्सप्रेस, पूर्वा एक्सप्रेस, लिच्छवी एक्सप्रेस, आजाद हिंद एक्सप्रेस, मालवा एक्सप्रेस, अहमदाबाद–बरौनी एक्सप्रेस और पुरुषोत्तम एक्सप्रेस जैसी प्रमुख ट्रेनें शामिल हैं.

मुसाफिरों को होगा फायदा-
रेलवे अधिकारियों का मानना है कि इस पहल से नॉन-कैटरिंग रूट्स पर सफर करने वाले यात्रियों को साफ-सुथरा और भरोसेमंद भोजन मिलेगा, जिससे ऑनबोर्ड वेंडर्स पर निर्भरता कम होगी. डिजिटल वेरिफिकेशन सिस्टम से सेवा की पारदर्शिता और जवाबदेही भी बढ़ेगी. IRCTC ने संकेत दिया है कि भविष्य में ई-पैंट्री सेवा को और ट्रेनों में भी लागू किया जा सकता है.

(पीयूष मिश्रा की रिपोर्ट)

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