Sharad Purnima 2025
Sharad Purnima 2025
ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा को मन, भावनाओं और मानसिक शांति का कारक माना जाता है. कुंडली में चंद्रमा की स्थिति कमजोर होने या उस पर अशुभ ग्रहों का प्रभाव पड़ने पर चंद्र दोष की समस्या उत्पन्न होती है. मान्यता है कि इसका असर व्यक्ति के मन, सोचने-समझने के तरीके और रोजमर्रा के जीवन पर भी पड़ता है. अगर आप भी जानना चाहते हैं कि उनकी कुंडली में चंद्र दोष है या नहीं और इससे राहत पाने के लिए क्या करना चाहिए. तो इस शरद पूर्णिमा कुछ उपाय करके आप चंद्र दोष से मुक्ति पा सकते हैं. शरद पूर्णिमा का दिन चंद्रमा की पूजा और उससे जुड़े उपायों के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है. आइए जानते हैं कि चंद्र दोष क्या होता है, इसके लक्षण क्या हो सकते हैं और निवारण पाने के लिए शरद पूर्णिमा पर कौन से उपाय किए जा सकते हैं.
क्या होता है चंद्र दोष, कैसे लगता है ये दोष?
ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा को मन और भावनाओं का कारक माना जाता है. जन्म कुंडली में चंद्रमा की कमजोर स्थिति, उस पर राहु या केतु जैसे ग्रहों का प्रभाव अथवा अशुभ ग्रहों के साथ उसकी युति को चंद्र दोष का कारण माना जाता है. चंद्र दोष का असर कुछ इस तरह हो सकता है-
चंद्र दोष से मुक्ति पाने के लिए शरद पूर्णिमा पर करें ये उपाय
शरद पूर्णिमा की महानता
हिंदू धर्म में शरद पूर्णिमा का खास महत्व माना जाता है. यह पर्व आश्विन मास की पूर्णिमा को मनाया जाता है. साल 2026 में शरद पूर्णिमा 25 अक्टूबर को है. धार्मिक मान्यता है कि इस रात चंद्रमा अपनी 16 कलाओं से पूर्ण होता है और उसकी चांदनी को अमृत के समान माना जाता है. शरद पूर्णिमा की रात चंद्रमा की पूजा करने और खुले आसमान के नीचे खीर रखने की परंपरा भी है. माना जाता है कि चंद्रमा की रोशनी में रखी खीर अगले दिन प्रसाद के रूप में ग्रहण करना शुभ होता है. इस दिन चंद्रदेव की पूजा के साथ मां लक्ष्मी की आराधना भी की जाती है.
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