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10वीं और 12वीं के छात्रों के लिए बड़ी खबर! मार्च में नहीं होंगी बोर्ड परीक्षा, जानिए कब होंगे एग्जाम

UP Board Exam 2022: 2017 में बनी मौजूदा सरकार का कार्यकाल मार्च में खत्म हो रहा है. ऐसे में जरूरी है कि मार्च से पहले चुनाव प्रक्रिया पूरी कर ली जाए. शिक्षकों को चुनाव में बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) के रूप में नियुक्त किया जाता है और स्कूलों में मतदान केंद्र बनाये जाते हैं. वहीं पुलिस से लेकर प्रशासन तक चुनाव ड्यूटी में लगे होते हैं.

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UP Board 2022 (प्रतीकात्मक तस्वीर) UP Board 2022 (प्रतीकात्मक तस्वीर)
हाइलाइट्स
  • 51 लाख से अधिक छात्रों ने किया आवेदन

  • हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की प्री-बोर्ड परीक्षाएं 1 से 10 जनवरी तक होंगी

  • हर साल बोर्ड की परीक्षाएं फरवरी में ही आयोजित की जाती थीं

UP BOARD EXAM 2022: उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (UP Board) की 10वीं और 12वीं की होने वाली बोर्ड परीक्षा को लेकर छात्रों के लिए एक बड़ी खबर है. हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षाएं अब यूपी विधानसभा चुनाव के बाद होंगी. जबकि हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की प्री-बोर्ड परीक्षाएं 1 से 10 जनवरी तक होंगी. 

गौरतलब है कि मार्च 2022 के आसपास विधानसभा चुनाव होने हैं और उसी समय हर साल यूपी बोर्ड की परीक्षाएं (UP Board Exam) आयोजित करवाई जाती हैं. लेकिन इसबार तय किया गया है कि यूपी बोर्ड की परीक्षाएं चुनाव के बाद कराई जाएंगी. 

51 लाख से अधिक छात्रों ने किया आवेदन

आपको बता दें, सूत्रों के मुताबिक, इस साल 10वीं और 12वीं की परीक्षा के लिए 51 लाख से ज्यादा छात्रों ने आवेदन किया है. इसमें 10वीं बोर्ड परीक्षा के लिए आवेदन करने वाले 27 लाख से अधिक छात्र हैं, वहीं 12वीं के लिए आवेदन करने वाले छात्रों की संख्या 23 लाख से ज्यादा बताई जा रही है.

क्यों लिया गया है फैसला?

आपको बता दें, 2017 में बनी मौजूदा सरकार का कार्यकाल मार्च में खत्म हो रहा है. ऐसे में जरूरी है कि मार्च से पहले चुनाव प्रक्रिया पूरी कर ली जाए. शिक्षकों को चुनाव में बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) के रूप में नियुक्त किया जाता है और स्कूलों में मतदान केंद्र बनाये जाते हैं. वहीं पुलिस से लेकर प्रशासन तक चुनाव ड्यूटी में लगे होते हैं. ऐसे में चुनाव स्थगित नहीं किए जा सकते, इसलिए चुनाव के बाद यूपी बोर्ड की परीक्षाएं कराने का फैसला लिया गया है.

हर साल बोर्ड की परीक्षाएं फरवरी में ही आयोजित की जाती थीं. लेकिन अब जब फरवरी-मार्च में विधानसभा चुनाव होने हैं तो स्कूलों को ही मतदान केंद्र बनाया जायेगा, ऐसे में छात्रों की परीक्षाएं करवाना मुमकिन नहीं हो पायेगा. एडमिनिस्ट्रेशन के साथ-साथ शिक्षकों को भी ड्यूटी बूथ पर लगाई जाएगी. ऐसे में चुनाव के दौरान बोर्ड परीक्षाएं कराना संभव नहीं है.

(अभिषेक मिश्रा की रिपोर्ट)