Robotic Surgical (Photo/Symbolic)
Robotic Surgical (Photo/Symbolic)
रोबोटिक सर्जरी के लिए राजस्थान देश में सबसे बेहतर विकल्प बन रहा है. जयपुर व उसके आसपास शहरों में प्रतिदिन देश के अलग-अलग शहरों से सर्जरी करवाने के लिए मरीज पहुंच रहे हैं. रोबोटिक सर्जरी सामान्य सर्जरी की तुलना में सुरक्षित रहती है. साथ ही इसके परिणाम बेहतर मिलते हैं. डॉक्टर ने बताया कि इस सर्जरी से बड़ी से बड़ी गंभीर सर्जरी आसानी से हो जाती है. जैसे रीड की हड्डी व दिमाग की सर्जरी सहित कई ऐसी सर्जरी है. जिनको हाथ से करने में कई तरह का खतरा रहता है.
मरीजों को मिल रहा फायदा-
जयपुर सी के बिरला हॉस्पिटल के डॉक्टर राजेश शर्मा ने बताया कि अत्याधुनिक दा विंची रोबोटिक सर्जिकल सिस्टम से मरीजों को फायदा मिल रहा है. यह तकनीक यूरोलॉजी, गायनेकोलॉजी, जनरल सर्जरी, कोलोरेक्टल सर्जरी, कैंसर सर्जरी, हर्निया सर्जरी, यूरोलॉजी, पैंक्रियाटिक सर्जरी जैसी जटिल प्रक्रियाएं अब बेहतर परिणामों के साथ की जा सकेंगी. रोबोटिक सर्जरी के कई फायदे हैं. जैसे कम दर्द, कम रक्तस्राव, छोटे चीरे, कम जटिलताएं और तेजी से रिकवरी होती है. जिससे मरीज इलाज के बाद जल्दी सामान्य जीवन में लौट पाते हैं.
दूसरे राज्यों से भी आ रहे मरीज- डॉ. शर्मा
उन्होंने बताया कि प्रतिदिन राजस्थान में उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए आते हैं. अन्य राज्यों की तुलना में राजस्थान में इलाज सस्ता व बेहतर है. दक्षिणी राजस्थान में पहली बार दा विंची रोबोटिक सिस्टम का सफल प्रयोग किया है. यह उपलब्धि राजस्थान ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश में उन्नत स्वास्थ्य चिकित्सा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है.
इस उन्नत तकनीक के माध्यम से अब पित्ताशय, हर्निया, आंत, रेक्टल, बैरियाट्रिक तथा एडवांस्ड कैंसर जैसी जटिल सर्जरी बेहद छोटे चीरे से, अधिक सटीकता के साथ और कम जोखिम में सफलतापूर्वक की जा रही हैं.
जिस तरह पहले सभी ऑपरेशन चीरे द्वारा किए जाते थे, फिर दूरबीन यानी लैप्रोस्कोपिक चिकित्सा की शुरुआत हुई और अब उसके उन्नत परिणाम सामने आए हैं, उसी प्रकार रोबोटिक सर्जरी दूरबीन सर्जरी का अगला अत्याधुनिक चरण है. इसमें सर्जन द्वारा ऑपरेशन को अत्यंत सूक्ष्मता, स्थिरता और उच्च परिशुद्धता के साथ किया जाता है. डॉ. राजेश शर्मा ने बताया कि वे अब तक 170 से अधिक रोबोटिक सर्जरी कर चुके हैं और चिकित्सा क्षेत्र में अपनी विशेषज्ञता का लोहा मनवा चुके हैं. इस अवसर पर सी के बिरला हॉस्पिटल, जयपुर के चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर सचिन सिंह ने बताया कि हॉस्पिटल मिनिमल इनवेसिव और रोबोटिक सर्जरी के लिए ग्लोबल टेक्नोलॉजी को अपनाने की दिशा में अग्रणी भूमिका निभा रहा है.
दा विंची रोबोटिक सर्जिकल सिस्टम का इस्तेमाल-
अत्याधुनिक दा विंची रोबोटिक सर्जिकल सिस्टम का उपयोग किया जा रहा है. इस सिस्टम में उच्च उपकरण, बेहतर सर्जन कंट्रोल और हाई-डेफिनिशन विजुअलाइजेशन जैसी विशेषताएं मौजूद हैं, जो सर्जरी को अधिक सुरक्षित और प्रभावी बनाती हैं. एक हॉस्पिटल में क़भी तक 600 से अधिक रोबोटिक सर्जरी सफलतापूर्वक की जा चुकी हैं, जो हॉस्पिटल की विशेषज्ञता और तकनीकी दक्षता को दर्शाता है.
(हिमांशु शर्मा की रिपोर्ट)
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