scorecardresearch

जीते जी बदली छात्रों की जिंदगी और मरने के बाद 7 लोगों को नई जिंदगी दे गई यह टीचर, स्ट्रोक के बाद कराया गया था अस्पताल में भर्ती

केरल में एक टीचर ने न सिर्फ अपने जीते जी छात्रों की जिंदगी बदली बल्कि मौत के बाद भी वह 7 लोगों को नया जीवन देकर गई हैं. इस टीचर को ब्रेन डेड घोषित किया गया था, जिसके बाद परिवार ने उनके अंगदान का फैसला किया.

Advertisement
Organ Donation (Representational Image) Organ Donation (Representational Image)
हाइलाइट्स
  • गोपीकरणी को छह दिन पहले अस्पताल में भर्ती कराया गया था

कई बार लोग दुनिया से जाने के बाद भी दुनिया के लिए बहुत कुछ कर जाते हैं. जैसा की केरल की एक टीचर ने किया. बुधवार को एक टीचर दुनिया से जाते-जाते सात लोगों को नया जीवन दिया. 47 वर्षीय जी गोपीकरणी, आरकेडी एनएसएस स्कूल, सस्थमंगलम में पढ़ाती थीं. अपनी शैक्षणिक प्रतिभा और कौशल के लिए वह छात्रों के बीच काफी मशहूर थईं. 

छात्र पुलिस कैडेट योजना में थीं कार्यरत
टीचर के साथ-साथ वह केरल पुलिस की छात्र पुलिस कैडेट योजना के तहत एक सामुदायिक पुलिस अधिकारी के रूप में कार्यरत थीं. वह एक संस्था, होप से भी जुड़ी हुई थीं.  जिसके तहत वह ड्रॉपआउट बच्चों को उनकी शिक्षा जारी रखने के लिए मुफ्त ट्यूशन देती थीं. द न्यू इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, गोपीकरणी को छह दिन पहले अस्पताल में भर्ती कराया गया था.

उन्हें स्ट्रोक आया था. डॉक्टर्स ने उन्हें बचाने की कोशिश की लेकिन फिर उन्हें ब्रेन डेड घोषित कर दिया गया. जिसके बाद, उनके परिवार ने अंगदान के लिए सहमति दी. उनके अंगदान की वजह से 7 लोगों की जान बच गई.