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चढ़ावा चोरी में 8 के खिलाफ सबूत मिले, कार्रवाई हुई, अब अयोध्या पर उंगली क्यों उठा रहे हो- सीएम योगी

यूपी के चित्रकूट में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राम मंदिर में चढ़ावा चोरी मामले में 8 लोगों के खिलाफ सबूत मिले हैं. उनके खिलाफ कार्रवाई की गई है. लेकिन इसमें पूरे ट्रस्ट को बदनाम करने और अयोध्या पर उंगली उठाने और प्रभु श्री राम की विरासत को अपमानित करने का औचित्य कहां से उठता है? लेकिन ऐसा लगता है कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने भारत की पूरी की पूरी आस्था को आहत करने और उसे पर प्रहार करने का ठेका ले लिया है.

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CM Yogi Adityanath CM Yogi Adityanath

उत्तर प्रदेश के चित्रकूट में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 950 करोड़ रुपए से ज्यादा की परियोजनाओं का उद्घाटन किया. इस दौरान सीएम योगी ने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस को निशाने पर लिया. उन्होंने कहा कि राम मंदिर में दान की कथित चोरी की जांच कर रही एसआईटी को चढ़ावे की गिनती में शामिल करीब 150 लोगों में से सिर्फ 8 के खिलाफ सबूत मिले हैं और कुछ लोगों की गलतियों के लिए पूरे पूरे मंदिर ट्रस्ट को बदनाम नहीं किया जा सकता. सीएम ने कहा कि जो जन्मजात और खानदानी अयोध्या को कोसने वाली पार्टियां थीं, उनको एक मुद्दा मिल गया.

अयोध्या को कोसने वाली पार्टियों को एक मुद्दा मिल गया है- सीएम योगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि आपने हाल ही में सुना होगा कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी अचानक सक्रिय हो गई. ये ऐसी पार्टियां हैं, जिन्होंने हमेशा अयोध्या की आलोचना की है और उन्हें फायदा उठाने के लिए एक मुद्दा मिल गया.

सीएम ने कहा कि कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट में एक शपथ पत्र दिया था और कहा था कि राम तो थे ही नहीं, वह काल्पनिक थे. भगवान राम और भगवान कृष्ण को काल्पनिक कहने में इनको शर्म भी नहीं आई. सीएम ने कहा कि अगर राम और कृष्ण काल्पनिक हैं तो अयोध्या, चित्रकूट और मथुरा वृंदावन क्या है? सीएम ने पूछा कि हमारे प्रभु राम को काल्पनिक कहने वाले, राम भक्तों पर गोली चलाने वाले लोग किस मुंह से आज अयोध्या में राम की बात कर रहे हैं?

SIT की सिफारिश पर जांच हुई, फिर कार्रवाई की गई- सीएम योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हमने ट्रस्ट की सिफारिश स्वीकार की और एक हाई लेवल एसआईटी बनाई. जांच में चोरी में सीधे तौर पर 6 लोगों के खिलाफ सबूत मिले. जबकि 2 लोग साजिश में शामिल थे. एसआईटी ने अपनी सिफारिश ट्रस्ट को भेजी और ट्रस्ट ने FIR करवाई और कार्रवाई की गई. सीएम ने कहा कि मंदिर में चढ़ावे की गिनती में करीब 150 लोग शामिल होते हैं और कथित गड़बड़ी में सिर्फ कुछ लोग शामिल थे. भगवान राम के हर भक्त और भारत की आस्था का सम्मान करने वाले हर नागरिक को इस बारे में सतर्क रहना चाहिए.

पूरे ट्रस्ट को बदनाम करने का औचित्य कहां से आया- सीएम योगी
सीएम ने कहा कि इसमें पूरे ट्रस्ट को बदनाम करने और अयोध्या पर उंगली उठाने और प्रभु श्री राम की विरासत को अपमानित करने का औचित्य कहां से उठता है? लेकिन ऐसा लगता है कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने भारत की पूरी की पूरी आस्था को आहत करने और उसे पर प्रहार करने का ठेका ले लिया है.

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