Rose Plant Care
Rose Plant Care
गुलाब का पौधा घर की बालकनी या छत की खूबसूरती बढ़ा देता है, लेकिन इसे लगातार हरा-भरा रखने के लिए सही देखभाल जरूरी है. खासकर मौसम बदलने के समय गुलाब के पौधों को मिट्टी, पानी और पोषण का खास ध्यान रखना पड़ता है. अगर पौधे की पत्तियां पीली पड़ रही हैं, नई शाखाएं नहीं निकल रहीं या फूल कम आ रहे हैं तो मिट्टी की सेहत सुधारने के साथ नेचुरल खाद का इस्तेमाल किया जा सकता है. घर में मौजूद सादे मट्ठे यानी छाछ का सही तरीके से इस्तेमाल गुलाब की मिट्टी में उपयोगी सूक्ष्मजीवों को बढ़ाने में मदद कर सकता है. हालांकि इसे सीधे पौधे में डालने के बजाय हमेशा पानी में मिलाकर इस्तेमाल करें.
ऐसे बनाएं गुलाब के लिए मट्ठे की खाद
इसके लिए एक कप बिना नमक और बिना मसाले वाला सादा मट्ठा लें. इसमें करीब 10 से 15 कप पानी मिलाएं. मट्ठा बहुत गाढ़ा होने पर पौधे की मिट्टी में डालने से बदबू, फंगस या कीड़ों की समस्या हो सकती है, इसलिए इसे अच्छी तरह पतला करना जरूरी है. इस घोल को बनाकर तुरंत इस्तेमाल करना बेहतर है. इसमें नमक, चीनी या मसाला बिल्कुल न मिलाएं.
गुलाब के पौधे में कैसे डालें
मट्ठे का घोल डालने से पहले मिट्टी को हल्का नम कर लें. अब पौधे के तने से थोड़ी दूरी बनाकर मिट्टी में करीब आधा से एक कप घोल डालें. छोटे गमले में इससे भी कम मात्रा रखें. इसे पत्तियों या फूलों पर छिड़कने के बजाय केवल मिट्टी में डालना बेहतर है. महीने में एक बार इसका इस्तेमाल पर्याप्त है. बार-बार डालने से फायदा बढ़ने के बजाय मिट्टी में नमी और जैविक पदार्थ ज्यादा जमा हो सकते हैं.
मिट्टी को ऐसे करें पौधे के लिए तैयार
गुलाब की अच्छी ग्रोथ के लिए गमले की मिट्टी ऐसी होनी चाहिए जिसमें पानी जमा न हो और जड़ों तक हवा पहुंचती रहे. इसके लिए करीब 40% सामान्य बगीचे की मिट्टी, 30% अच्छी तरह सड़ी हुई कम्पोस्ट या वर्मी कम्पोस्ट और 30% कोकोपीट मिलाकर हल्का और भुरभुरा मिश्रण तैयार कर सकते हैं. अगर मिट्टी बहुत भारी है तो थोड़ी मोटी रेत या अन्य ड्रेनेज सामग्री मिलाई जा सकती है. गमले के नीचे पानी निकलने के लिए पर्याप्त छेद जरूर होने चाहिए. गुलाब की जड़ों में पानी लगातार जमा रहने से जड़ें खराब हो सकती हैं.
धूप और पानी का भी रखें ध्यान
गुलाब को अच्छी ग्रोथ और फूलों के लिए पर्याप्त धूप की जरूरत होती है. कोशिश करें कि पौधे को रोजाना करीब 5-6 घंटे धूप मिले. पानी तभी दें जब ऊपर की मिट्टी सूखी महसूस हो. हर दिन थोड़ा-थोड़ा पानी डालने के बजाय जरूरत के हिसाब से गहराई तक पानी देना बेहतर है.
सूखी पत्तियां और शाखाएं हटाते रहें
पौधे की सूखी, पीली या संक्रमित पत्तियों और कमजोर शाखाओं को समय-समय पर हटा दें. इससे पौधे की ऊर्जा नई शाखाओं और फूलों की तरफ जा सकती है. फूल मुरझाने के बाद उन्हें भी काट देना नई कलियों के विकास में मदद कर सकता है.