scorecardresearch
धर्म

Ganga Dushara 2026: गंगा दशहारा पर हरिद्वार से आई आस्था की अनूठी तस्वीरें, हर की पौड़ी पर पसरी देशभर से आए श्रद्धालुओं की भीड़, जानें इस खास पर्व का महत्व

हरिद्वार में आस्था का अनूठा नजारा
1/8

गंगा दशहरा के पावन अवसर पर धर्मनगरी हरिद्वार में आस्था का अनूठा नजारा देखने को मिला. हर की पौड़ी पर देश के अलग-अलग हिस्सों से पहुंचे श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी. मान्यता है कि इसी दिन मां गंगा का धरती पर अवतरण हुआ था. ऐसे में श्रद्धालु गंगा स्नान कर मोक्ष की कामना और पापों से मुक्ति की आस लेकर हरिद्वार पहुंचे.
 

पूरा क्षेत्र 'हर हर गंगे' और भक्ति के जयकारों से गूंज उठा
2/8

गंगा दशहरा और पुरुषोत्तम मास के संयोग ने इस बार श्रद्धालुओं की संख्या और बढ़ा दी. आधी रात के बाद से ही हर की पौड़ी और अन्य घाटों पर स्नान के लिए लोगों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी. सुबह होते-होते पूरा क्षेत्र 'हर हर गंगे' और भक्ति के जयकारों से गूंज उठा.
 

धार्मिक मान्यता क्या है
3/8

धार्मिक मान्यता के अनुसार, गंगा दशहरा के दिन मां गंगा ने पृथ्वी पर अवतरित होकर राजा भगीरथ के पूर्वजों का उद्धार किया था. इसलिए इस दिन हरिद्वार के हर की पौड़ी स्थित ब्रह्मकुंड में स्नान का विशेष महत्व माना जाता है. श्रद्धालुओं का विश्वास है कि इस दिन गंगा स्नान करने से जीवन के दुख कम होते हैं और मोक्ष का मार्ग प्रशस्त होता है.
 

गंगा दशहरा का मतलब
4/8

मान्यता है कि गंगा दशहरा पर स्नान करने से 10 प्रकार के पापों से मुक्ति मिलती है. इनमें 3 कायिक (शारीरिक), 4 वाचिक (वाणी से जुड़े) और 3 मानसिक पाप शामिल हैं. इस दिन गंगा में डुबकी लगाने के साथ दान-पुण्य का भी विशेष महत्व बताया गया है.
 

पितरों को मोक्ष देने का है पर्व
5/8

ग्रंथों के मुताबिक, गंगा दशहरा सिर्फ स्नान का पर्व नहीं, बल्कि पितरों के मोक्ष से भी जुड़ा हुआ है. मान्यता है कि इस दिन गंगा स्नान, दीपदान और पितरों के नाम पूजा करने से पितृ दोष से मुक्ति मिलती है. कहा जाता है कि एक डुबकी अपने लिए और तीन डुबकी पितरों के लिए लगाने से पूर्वजों को पुण्य की प्राप्ति होती है.
 

दान का महत्व
6/8

गंगा दशहरा के दिन जल और जल से भरे पात्र का दान करना बेहद शुभ माना गया है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन किए गए दान का विशेष फल मिलता है और पुण्य की प्राप्ति होती है.
 

जिला प्रशासन अलर्ट
7/8

श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं. पूरे मेला क्षेत्र को 2 सुपर जोन, 11 जोन और 27 सेक्टर में बांटकर पुलिस बल तैनात किया गया है. साथ ही ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए डाइवर्जन प्लान भी लागू किया गया है.
 

हरिद्वार से आती तस्वीरें आस्था, विश्वास और सनातन परंपरा की खूबसूरत झलक है
8/8

हर की पौड़ी, ब्रह्मकुंड और अन्य घाटों पर श्रद्धालुओं का जनसैलाब देखने को मिला. कोई परिवार के साथ पहुंचा, तो कोई अपने पितरों की शांति के लिए गंगा में डुबकी लगाता नजर आया. गंगा दशहरा पर हरिद्वार में दिखी यह तस्वीर आस्था, विश्वास और सनातन परंपरा की खूबसूरत झलक बन गई.

(रिपोर्ट- मुदित कुमार अग्रवाल)