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खाटू श्याम पहुंचने वाले श्रद्धालुओं के लिए बड़ी खबर! नगरी के चारों तरफ बनेगी रिंग रोड और जयपुर से खाटू श्याम तक बनेगा पैदल पथ

खाटू श्याम नगरी में लोग अपनी गाड़ियों से पहुंचते हैं. ऐसे में प्रतिदिन वहां जाम के हालात रहते हैं. एकादशी में मेले के समय वाहनों का प्रवेश बंद कर दिया जाता है. श्रद्धालुओं को कई किलोमीटर पैदल चलना पड़ता है. रिंग रोड बनने से जाम की समस्या से छुटकारा मिलेगा. लोग किसी भी दिशा में यात्रा कर सकेंगे. अलग-अलग दिशाओं से खाटू नगरी में प्रवेश कर पाएंगे.

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Khatu Shyam Darbar Khatu Shyam Darbar
हाइलाइट्स
  • जाम से मिलेगा छुटकारा

  • सैकड़ों लोग करते हैं दर्शन

देशभर से हर महीने खाटू श्याम बाबा के दर्शन के लिए लाखों श्रद्धालु आते हैं. हर महीने की एकादशी को 5 से 10 लाख श्रद्धालु बाबा के दर्शन करते हैं. यहां आने वाले लाखों श्रद्धालु रिंगस से खाटू श्याम तक पैदल ध्वज लेकर जाते हैं. ऐसे में लाखों श्रद्धालुओं के लिए राहत भरी खबर है. खाटू श्याम नगरी के चारों तरफ अब जल्द ही रिंग रोड बनेगा. साथ ही जयपुर से खाटू श्याम तक एक पैदल पथ बनाया जाएगा. जयपुर से खाटू श्याम तक श्रद्धालु बाबा के दर्शन के लिए पैदल यात्रा भी कर सकेंगे. दोनों ही प्रोजेक्ट के लिए सड़क परिवहन मंत्रालय ने डीपीआर बनाने की अनुमति दी है. अब जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू होगी.

राष्ट्रपति हो या प्रधानमंत्री. राज्यपाल हो या मुख्यमंत्री, फिल्मी सितारे हो या व्यापारी सभी इस समय बाबा श्याम के दीवाने हैं. राजस्थान, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, गुजरात, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, कर्नाटक सहित देश भर से हर महीने एकादशी पर करीब 10 लाख श्रद्धालु बाबा श्याम की नगरी खाटू में पहुंचते हैं. होली-दिवाली व सरकारी अवकाश के साथ ही प्रतिदिन हजारों की संख्या में श्रद्धालु बाबा श्याम के दर्शन करते हैं.

जाम से मिलेगा छुटकारा
यहां हमेशा मेले जैसा माहौल रहता है. इसलिए दिन भर जाम के हालात रहते हैं. जाम में घंटे लोग फंसे रहते हैं. लेकिन अब आने वाले समय में जाम की समस्या से बड़ी राहत मिलेगी. खाटू नगरी के चारों तरफ 40 से 50 किलोमीटर लंबा एक रिंग रोड बनने जा रहा है. इसका प्रस्ताव जयपुर एनएचएआई की तरफ से सड़क परिवहन मंत्रालय को भेजा गया. इसको मंजूरी मिल चुकी है. साथ ही सड़क परिवहन मंत्रालय ने प्रोजेक्ट की डीपीआर बनाने के आदेश दिए हैं. इसके लिए बजट भी आवंटित किया गया है. जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू होगी. सब कुछ ठीक रहा, तो जल्द ही रिंग रोड का काम शुरू होगा. इससे लाखों लोगों को बड़ी राहत मिलेगी व जाम की समस्या से छुटकारा मिलेगा.

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सैकड़ों लोग करते हैं दर्शन
बाबा श्याम पर ध्वजा चढ़ाने का खास महत्व है. प्रतिदिन सैकड़ों लोग रिंग्स से खाटू श्याम तक पैदल ध्वज लेकर यात्रा करते हैं. कुछ लोग लेट कर दंडोत्री लगते हैं. फागुन के महीने में पूरे 1 महीने तक यहां मेला भरता है. जयपुर और आसपास के शहरों से लोग पैदल आते हैं. इस दौरान सड़क हादसे होते हैं व जाम लगता है. इससे लोगों को परेशानी होती है. इस परेशानी को देखते हुए जयपुर से खाटू श्याम नगरी कस्बे तक करीब 90 किलोमीटर लंबा एक पैदल पथ बनाने की तैयारी चल रही है. रिंगस जयपुर हाईवे के किनारे यह पैदल पथ बनाया जाएगा. यह करीब तीन से चार मीटर चौड़ा होगा और दोनों ओर से कवर्ड रहेगा. इस पर केवल पैदल यात्री चल सकेंगे. साथ ही लेट कर दंडोत्री लगाने वाले श्रद्धालुओं को भी बड़ी राहत मिलेगी. इस प्रोजेक्ट के लिए डीपीआर बनाई जा रही है और जल्द ही काम शुरू होने की संभावना है.

खाटू श्याम नगरी में लोग अपनी गाड़ियों से पहुंचते हैं. ऐसे में प्रतिदिन वहां जाम के हालात रहते हैं. एकादशी में मेले के समय वाहनों का प्रवेश बंद कर दिया जाता है. श्रद्धालुओं को कई किलोमीटर पैदल चलना पड़ता है. रिंग रोड बनने से जाम की समस्या से छुटकारा मिलेगा. लोग किसी भी दिशा में यात्रा कर सकेंगे. अलग-अलग दिशाओं से खाटू नगरी में प्रवेश कर पाएंगे.

नहीं होंगे सड़क हादसे
पैदल यात्रियों के साथ आए दिन सड़क हादसे होते हैं. लोगों की जान जाती है व सड़क पर जाम के हालात रहते हैं. पैदल यात्रियों के लिए अलग पैदल मार्ग बनने से हजारों लाखों लोगों को बड़ी राहत मिलेगी. साथ ही सड़क हादसों में कमी आएगी.

एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर अजय आर्य ने बताया कि बीते दिनों सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी खाटू श्याम दर्शन के लिए पहुंचे थे. इस दौरान वहां उन्होंने रिंग रोड की जरूरत महसूस की थी. उनके आदेश पर एक प्रस्ताव तैयार करके मंत्रालय को भेजा गया था और उस प्रस्ताव को मंजूरी मिल चुकी है.

(हिमांशु शर्मा की रिपोर्ट)